पन्नीरसेल्वम का आरोप, 'अम्मा' को इलाज के लिए विदेश ले जाने की नहीं दी अनुमति
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तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री ओ पन्नीरसेल्वम ने शुक्रवार को जयललिता की मौत को लेकर चौंकाने वाला बयान दिया है। अम्मा के इलाज की मेडिकल जांच को लेकर उन्होंने एक बार फिर से केंद्र और राज्य सरकार पर दबाव डाला है।
उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम जयललिता को बीमारी के दौरान इलाज के लिए विदेश नहीं ले जाएगा। इससे पहले शुक्रवार को भी उन्होंने जयललिता की मौत को लेकर जांच की बात कही थी।
कांचीपुरम जिले अपने आवास पर एआईडीएमके कार्यकर्ताओं के साथ मीटिंग के बाद मीडिया को बताया कि 'अम्मा का इलाज करने वाले डॉक्टरों ने उनसे मुलाकात की थी जिसके बाद ही मैंने वीके शशिकला और उनके परिवार के खिलाफ मोर्चा खोला था।'
'अस्पताल में भर्ती होने से पहले जयललिता को किसी ने मारा था धक्का'
उन्होंने जांच की मांग पूरी ने होने पर 8 मार्च को 5 बजे से समर्थकों द्वारा भूख हड़ताल चेतावनी दी है। उन्होंने आगे बताया कि अम्मा को विदेशी इलाज मुहैया करवाने के लिए उनकी कई बार डॉक्टरों से बातचीत हुई। डॉक्टरों ने कहा था कि वह इस हालात में हैं कि उन्हें विदेश ले जा सके, लेकिन इसकी अनुमति नहीं मिल सकी।
इससे पहले गुरुवार को एआईडीएमके नेता और सूबे के पू्र्व स्पीकर पीएच पांडियन ने आरोप लगाया था कि पिछले साल 22 सितंबर को जयललिता को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, उससे पहले उन्हें किसी ने धक्का मारकर गिरा दिया था। उसके बाद किसी को पता नहीं चला कि अम्मा को क्या हुआ। एक पुलिस अधिकारी ने एंबुलेंस बुलाई और उन्हें अस्पताल ले जाया गया।