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प्रदूषण फैलाना हो या हो जिंदगी में तनाव, विश्वभर में सबसे आगे हैं भारतीय
amarujala.com- Presented By: पूजा मेहरोत्रा
Updated Fri, 15 Sep 2017 03:19 PM IST
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वाराणसी की सड़कों पर इस तरह का दृश्य आम है
- फोटो : अमर उजाला
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जिंदगी में तनाव हो या फिर शहर में पॉल्यूशन भारतीय कई मामलों में सबसे आगे हैं। विश्वभर में कई एजेंसिया समय समय पर रिसर्च कर भारतीयों के आगे होने की कहानी कहती रहती हैं। प्रदूषण फैलाने को लेकर भारतीय कई-कई बार विश्व में आगे की कतार में शामिल रह चुके हैं लेकिन अब जब तनावग्रस्त शहरों की सूची जारी की तो भी भारतीय शहर ही अव्वल आ गए हैं।
पढ़ें: इन कारणों से 'जहर' में बदल रही पवित्र गंगा नदी
तनाव और प्रदूषण लोगों की जिंदगी कम कर रहा है। लेकिन भारत के कुछ शहर प्रदूषण हो या फिर टेंशन दोनों में ही अव्वल हैं। और ये बातें रिसर्च में सामने आ रही है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई सहित कई राज्यों में रहने वालों के हालात तो पॉल्यूशन और तनाव दोनों ही मामलों में चिंताजनक बनी हुई है। पिछले दिनों आई विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट ने ये खुलासा किया कि अगर इन राज्यों में प्रदूषण को कम किया जाए तो भारतीयों की उम्र चार साल बढ़ सकती है।
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तनाव और प्रदूषण लोगों की जिंदगी कम कर रहा है। लेकिन भारत के कुछ शहर प्रदूषण हो या फिर टेंशन दोनों में ही अव्वल हैं। और ये बातें रिसर्च में सामने आ रही है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई सहित कई राज्यों में रहने वालों के हालात तो पॉल्यूशन और तनाव दोनों ही मामलों में चिंताजनक बनी हुई है। पिछले दिनों आई विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट ने ये खुलासा किया कि अगर इन राज्यों में प्रदूषण को कम किया जाए तो भारतीयों की उम्र चार साल बढ़ सकती है।
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pollution
- फोटो : अमर उजाला
विश्व के सबसे प्रदूषित शहरों में देश की राजधानी दिल्ली का नाम लगातार दो वर्षों तक सबसे आगे रहा है। अगर डब्ल्यू एचओ के स्टैंडर्ड की बात करें तो दिल्ली के लोगों की उम्र नौ साल बढ़ सकती है। जबकि अगर देश के नॉर्मस की बात करें तो यह आंकड़ा छह साल को पार करता है। तनाव में दिल्ली का पीछा करती हुई मुंबई और कोलकाता दूसरे और तीसरे नंबर पर मौजूद है जबकि पॉल्यूशन के मामले में इन दोनों शहरों की जिंदगी साढ़े तीन साल कम हो जाती है।
आंकड़ों पर नजर डालें तो देश में पुरुषों की औसत उम्र 67 साल तीन महीने है जबकि महिलाओं की औसत आयु 69 साल 6 महीने है। लेकिन प्रदूशन और तनाव की वजह से ये उम्र कम हो कर 62 और 64 साल हो गई है।
लेकिन बढ़ता प्रदूषण लोगों की जिंदगी के स्तर को लगातार कम कर रही है। प्रदूषण की वजह से जहरीली गैस कैंसर, लिवर, अस्थमा, आंखों में जलन, त्वचा का कैंसर जैसी कई गंभीर बीमारियों का कारण भी है। राजधानी दिल्ली की हवा दिवाली और त्योहारों के आस-पास जहरीली हो जाती है।
आंकड़ों पर नजर डालें तो देश में पुरुषों की औसत उम्र 67 साल तीन महीने है जबकि महिलाओं की औसत आयु 69 साल 6 महीने है। लेकिन प्रदूशन और तनाव की वजह से ये उम्र कम हो कर 62 और 64 साल हो गई है।
लेकिन बढ़ता प्रदूषण लोगों की जिंदगी के स्तर को लगातार कम कर रही है। प्रदूषण की वजह से जहरीली गैस कैंसर, लिवर, अस्थमा, आंखों में जलन, त्वचा का कैंसर जैसी कई गंभीर बीमारियों का कारण भी है। राजधानी दिल्ली की हवा दिवाली और त्योहारों के आस-पास जहरीली हो जाती है।