{"_id":"5a0a2b7c4f1c1b60678bb0d8","slug":"hyderabad-will-become-the-first-free-beggars-city","type":"story","status":"publish","title_hn":"इवांका ट्रंप के दौरे से पहले भिखारियों से मुक्त शहर बनेगा हैदराबाद","category":{"title":"India News","title_hn":"भारत","slug":"india-news"}}
इवांका ट्रंप के दौरे से पहले भिखारियों से मुक्त शहर बनेगा हैदराबाद
एजेंसी/ हैदराबाद
Updated Tue, 14 Nov 2017 05:08 AM IST
विज्ञापन
के चंद्रशेखर
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप के दौरे से पहले तेलंगाना सरकार ने हैदराबाद को देश का पहला भिखारी मुक्त शहर बनाने का ऐलान किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और इवांका ट्रंप 28 नवंबर से आगामी तीन दिवसीय वैश्विक उद्यमिता शिखर सम्मेलन (जीईएस)2017 में शिरकत करेंगे।
विज्ञापन
पढ़ें: महिला होमगार्ड और पुलिस के वायरल वीडियो की जांच के आदेश
विज्ञापन
सरकार ने तेलंगाना जेल विभाग को भिखारी मुक्त शहर बनाने का जिम्मा दिया है। इसके मद्देनजर तेलंगाना जेल विभाग 25 दिसंबर से भिखारियों का पता बताने वालों को 500 रुपये का इनाम देने की पेशकश की है। साथ ही 7 जनवरी 2018 से शहर की सड़कों पर भीख मांगने पर हमेशा के लिए प्रतिबंध लगा दिया गया है।
विज्ञापन
हैदराबाद पुलिस का कहना है सरकार अब भिखारियों के पहचान पत्र बनवाने और उन्हें पुनर्वास की सुविधा भी मुहैया कराने को लेकर भी प्रतिबद्ध है। मानसिक और शारीरिक रूप से विक्षिप्त भिखारियों का एनजीओ की मदद से इलाज भी कराया जाएगा।
राज्य संस्थान सुधारक प्रशासन (एसआईसीए) के वाइस प्रिंसिपल एम संपत ने कहा कि नागरिक 25 दिसंबर से भीख मांगने वाले व्यक्ति की सूचना जेल नियंत्रण कक्ष को दे सकते हैं। जेल विभाग हैदराबाद में भिखारियों की पहचान बताने वाले को 500 रुपये बतौर इनाम देने का ऐलान किया है।
पढ़ें: हाथ मिलाने की अनूठी परंपरा के दौरान कंफ्यूज हुए ट्रंप, तस्वीरें वायरल
संपत ने कहा कि इसका उद्देश्य शहर को भिखारी मुक्त बनाना है और भिखारियों की पहचान कर उनके पुनर्वास का प्रबंध करना है। साथ ही पहचान पत्र बनवाकर उन्हें संवैधानिक प्रक्रिया से जोड़ना भी इसका मकसद है। उन्होंने यह भी बताया कि जेल और सेवा सुधारक महानिदेशक वीके सिंह ने तेलंगाना सरकार को पत्र लिखकर कहा था कि वे भिखारियों की पुनर्वास की व्यवस्था कर रहे हैं।
भिखारियों के फोटो पहचान पत्र और फिंगर प्रिंट के साथ आधार कार्ड भी बनवाए जाएंगे। मानसिक और शारीरिक रूप से विक्षिप्त भिखारियों को इलाज और पुनर्वास के लिए विभिन्न एनजीओ से जोड़ा जाएगा। पुलिस का यह भी कहना है कि भिखारियों से पैदल राहगीरों और वाहन ट्रैफिक पर खतरा बना रहता है।