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मुजफ्फरपुर और देवरिया कांड के बाद जागी सरकार, 9000 शेल्टर होम्स की जांच के आदेश
एजेंसी, नई दिल्ली
Updated Thu, 09 Aug 2018 04:11 AM IST
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बिहार के मुजफ्फरपुर और उत्तर प्रदेश के देवरिया के शेल्टर होम में बच्चियों के यौन शोषण का मामला सामने आने के बाद केंद्र सरकार ने 9,000 संस्थानों के ऑडिट का आदेश दिया है, जिनमें अनाथ और घर से बेदखल कर दिए गए बच्चे रह रहे हैं। अगले दो महीने में ऑडिट रिपोर्ट पेश करनी है।
महिला और बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने बताया कि उन्होंने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) से बाल संरक्षण संस्थानों की सोशल ऑडिट करने के लिए कहा है। इन संस्थानों को अगले 60 दिनों के भीतर रिपोर्ट देनी होगी। इसके लिए परफॉर्मा तैयार किया जा रहा है। मंत्री ने बताया कि नया परफॉर्मा सामान्य चेकलिस्ट से अलग होगा।
इस ऑडिट में इन संस्थानों को चलाने वाले एनजीओ के बारे में भी पूरी जांच पड़ताल की जाएगी। बता दें कि देशभर में कुल 9,462 बाल संरक्षण संस्थान हैं। इनमें से 7,109 संस्थान सरकार के साथ पंजीकृत हैं। हालांकि इन संस्थानों को चलाने के लिए अधिकतर पैसा सरकारें देती हैं। राज्य सरकारें अक्सर इसके लिए एनजीओ को जिम्मेदारी सौंपती हैं।
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महिला और बाल विकास मंत्री मेनका गांधी ने बताया कि उन्होंने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) से बाल संरक्षण संस्थानों की सोशल ऑडिट करने के लिए कहा है। इन संस्थानों को अगले 60 दिनों के भीतर रिपोर्ट देनी होगी। इसके लिए परफॉर्मा तैयार किया जा रहा है। मंत्री ने बताया कि नया परफॉर्मा सामान्य चेकलिस्ट से अलग होगा।
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इस ऑडिट में इन संस्थानों को चलाने वाले एनजीओ के बारे में भी पूरी जांच पड़ताल की जाएगी। बता दें कि देशभर में कुल 9,462 बाल संरक्षण संस्थान हैं। इनमें से 7,109 संस्थान सरकार के साथ पंजीकृत हैं। हालांकि इन संस्थानों को चलाने के लिए अधिकतर पैसा सरकारें देती हैं। राज्य सरकारें अक्सर इसके लिए एनजीओ को जिम्मेदारी सौंपती हैं।
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