Covid-19: कोरोना पर मंडाविया ने स्वास्थ्य मंत्रियों के साथ की बैठक; 10-11 अप्रैल को मॉक ड्रिल के निर्देश
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, नए मरीजों की संख्या बढ़ने के चलते सक्रिय मामले भी बढ़कर 25,587 तक पहुंच गए हैं। बीते दिन 2,826 मरीजों को स्वस्थ घोषित किया गया। मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कोरोना की जांच बढ़ने के साथ ही संक्रमित रोगियों की संख्या बढ़ती दिखाई दे रही है।
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देश में कोरोना संक्रमण के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। इसको देखते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया की अध्यक्षता में आज सभी राज्यों के स्वास्थ्य मंत्रियों की उच्च स्तरीय बैठक हुई। इस दौरान मंडाविया ने सभी से सतर्क रहने को कहा। उन्होंने कहा कि डरने की जरूरत नहीं है। हमें भ्रम से बचना होगा। कोरोना की जांच और जीनोम सीवेंक्सिंग बढ़ानी होगी। इससे पहले देशभर में बीते 24 घंटे में कोरोना के पांच हजार से ज्यादा लोग संक्रमित मिले हैं। इससे पहले गुरुवार को कोरोना के पांच हजार से ज्यादा केस आए थे, जो छह महीने में सबसे अधिक है।
बैठक के बाद झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने बताया कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने राज्यों के स्वास्थ्य मंत्रियों के साथ संवाद किया। कुछ राज्यों में कोरोना के कुछ मामले सामने आने लगे हैं, हमने निवेदन किया है कि देश के स्तर पर कोई SOP जारी करें ताकि इसे समय रहते रोका जाए। उन्होंने मॉक ड्रिल के निर्देश दिए हैं तो हम 10-11 तारीख को मॉक ड्रिल कराएंगे। हम नौ तारीख को सभी संबंधित अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से बैठक करेंगे और राज्य में तैयारियों की समीक्षा करेंगे।
#WATCH | Union Health Minister Dr Mansukh Mandaviya chairs a meeting with State Health Ministers on the COVID-19 situation in the country pic.twitter.com/GTwPWECHsw
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) April 7, 2023
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, नए मरीजों की संख्या बढ़ने के चलते सक्रिय मामले भी बढ़कर 25,587 तक पहुंच गए हैं। बीते दिन 2,826 मरीजों को स्वस्थ घोषित किया गया। मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि कोरोना की जांच बढ़ने के साथ ही संक्रमित रोगियों की संख्या बढ़ती दिखाई दे रही है। पिछले सप्ताह की तुलना में इस सप्ताह दैनिक जांच में इजाफा हुआ है। बीते दिन 1.60 लाख से अधिक सैंपल की जांच हुई है जिसमें 3.32 फीसदी संक्रमित पाए गए। यही वजह है कि नए मरीजों की संख्या अधिक दर्ज की जा रही है। मंत्रालय के अनुसार, देश में कोरोना की साप्ताहिक संक्रमण दर 2.89 फीसदी है।
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21 राज्य के 72 जिले रेड अलर्ट
बीते चार सप्ताह से देश में लगातार बढ़ते कोरोना मामलों के चलते 21 राज्य के 72 जिले रेड अलर्ट में आए हैं। इन जिलों में बीते सप्ताह के दौरान 12 से 100 फीसदी तक सैंपल कोरोना संक्रमित मिले हैं। जानकारी मिली है शुक्रवार को होने वाली बैठक में अधिक संक्रमण प्रसारित होने वाले जिलों पर चर्चा करते हुए यहां कोविड सतर्कता नियमों पर सख्ती करने का फैसला लिया जा सकता है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक, जिन जिलों में कोरोना का साप्ताहिक संक्रमण 10 फीसदी से अधिक है, वहां मास्क अनिवार्य किया जा सकता है। इसके अलावा इन क्षेत्रों में भीड़ पर नियंत्रण से जुड़े दिशा-निर्देश भी लागू हो सकते हैं।
इन राज्यों की स्थिति चिंताजनक
दिल्ली, केरल, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और तमिलनाडु के सबसे अधिक जिले रेड अलर्ट में हैं। दिल्ली के 11 में से नौ जिलों में सबसे अधिक संक्रमण है, दिल्ली के एक छोर पर गुरुग्राम-फरीदाबाद तो वहीं, दूसरी ओर उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर में एक समान स्थिति देखने को मिल रही है। इन तीनों जिलों में संक्रमण दर क्रमश: 12.84, 12.06 और 11.72 फीसदी है।
नए स्वरूप का बर्ताव पता लगा पाना फिलहाल मुश्किल
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडविया कोरोना के बढ़ते मामलों को लेकर कहा कि सरकार इस पर लगातार नजर बनाए हुए है और राज्यों को एडवायजरी भी जारी कर दी गई है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के लगातार नए वेरिएंट सामने आ रहे हैं, जो चिंताजनक हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के वेरिएंट और सब वेरिएंट्स के मामलों की स्टडी की जा रही है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि अभी तक जो मामले सामने आए हैं, उन्हें खतरनाक नहीं कहा जा सकता है। हालांकि, उन्होंने ये भी कहा कि कोरोना मामलों में उछाल को देखते हुए सावधानी बरतनी होगी। उन्होंने कहा कि कोरोना का नया वेरिएंट कैसा बर्ताव करेगा, इसके बारे में फिलहाल कुछ कहना मुश्किल है।