फिर बढ़े कोरोना के मामले: बीते 24 घंटों में 2500 से अधिक लोग संक्रमित, तेजी से बढ़ रहे सक्रिय मरीज
स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी रविवार के आंकड़े के अनुसार बीते 24 घंटों में कोरोना के 2593 मामले सामने आए हैं जो कि कल की तुलना में 66 अधिक है। इस दौरान 44 लोगों की मौत भी हुई।
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देश में कोरोना एक बार फिर से पैर पसारने लगा है। संक्रमण की रफ्तार ने लोगों के साथ-साथ सरकार की भी चिंता बढ़ा दी है। बढ़ते संकट को देखते हुए पीएम मोदी 27 अप्रैल को राज्य के मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक करने जा रहे हैं। वहीं, इस बीच आज स्वास्थ्य मंत्रालय ने जो कोरोना के आंकड़े पेश किए हैं वह चिंताजनक है। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी रविवार के आंकड़े के अनुसार बीते 24 घंटों में कोरोना के 2593 मामले सामने आए हैं जो कि कल की तुलना में 66 अधिक है। इस दौरान 44 लोगों की मौत भी हुई। हालांकि, 1755 लोग डिस्चार्ज भी हुए। देश में सक्रिय मरीज की संख्या भी बढ़कर 15,873 हो गई जो कि चिंता का विषय है। महामारी की शुरुआत से लेकर अब तक कुल 5,22,193 लोगों की मौत हुई है। वहीं इस दौरान कुल 4,25,19,479 लोग स्वस्थ भी हुए।
कोरोना ने एक बार फिर से दिल्ली को डराया
दिल्ली में कोरोना एक बार फिर से डराने लगा है। पिछले कई दिनों से मामलों में बड़ा उछाल देखने को मिल रहा है। राष्ट्रीय राजधानी में बीते 24 घंटों में कोरोना के 1094 मामले सामने आए हैं और इस दौरान दो लोगों की मौत भी हुई। संक्रमण दर अभी भी चार फीसदी से ऊपर बना हुआ है। दिल्ली में वर्तमान में संक्रमण दर 4.82 फीसदी है।
महाराष्ट्र में 25 मार्च के बाद सबसे अधिक मामले
वहीं महाराष्ट्र में बीते 24 घंटों में कोरोना के 194 मामले सामने आए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार यह 25 मार्च के बाद सबसे अधिक मामले हैं। बता दें कि 25 मार्च को महाराष्ट्र में 272 मामले सामने आए थे।
सीरम ने केंद्र से 10 करोड़ खुराकों का उपयोग करने का अनुरोध किया
सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) ने केंद्र सरकार से अनुरोध किया है कि देश में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर कोविशील्ड टीके की उपलब्ध 10 करोड़ नि:शुल्क खुराकों का उपयोग किया जाए, जो कोवैक्स व्यवस्था के तहत गावी द्वारा मुहैया कराई जा रही हैं। एक आधिकारिक सूत्र ने यह जानकारी दी। पुणे स्थित कंपनी ने स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय को पत्र लिखकर कहा कि अगर भारत सरकार ने कोविशील्ड की इन 10 करोड़ नि:शुल्क खुराकों को समय पर नहीं लिया तो महामारी के बीच जीवनरक्षक टीके की ये खुराक बर्बाद हो जाएंगी।