मतदाता सूची में गड़बड़ी के आरोप: कांग्रेस का देशव्यापी अभियान, 14 अगस्त को निकालेगी 'लोकतंत्र बचाओ मशाल मार्च'
कांग्रेस ने मतदाता सूची में गड़बड़ी और 'वोट चोरी' के आरोपों पर बड़ा अभियान शुरू किया है। मल्लिकार्जुन खरगे की अध्यक्षता में हुई बैठक में तीन चरणों वाले विरोध कार्यक्रम की घोषणा हुई। कन्हैया कुमार ने कहा कि ये सिर्फ वोट चोरी नहीं, लोकतंत्र पर डकैती है। इसको लेकर कांग्रेस 14 अगस्त को 'लोकतंत्र बचाओ मशाल मार्च' से देशभर में विरोध की शुरुआत करेगी।
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विस्तार
कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के द्वारा देशभर में मतदाता सूची में धांधली के दावों के चलते बयानबाजी तेज हो रही है। विपक्षी दल लगातार इस बात को लेकर विरोध प्रदर्शन कर अपनी नाराजगी व्यक्त कर रहे है। इसी बीच कांग्रेस ने मंगलवार को मतदाता सूची में गड़बड़ी और 'वोट चोरी' के आरोपों को लेकर एक बड़ा देशव्यापी अभियान शुरू करने का एलान किया। पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की अध्यक्षता में कांग्रेस महासचिवों, प्रभारी नेताओं और फ्रंटल संगठनों के प्रमुखों के साथ हुई बैठक में इस रणनीति पर फैसला हुआ। बैठक में राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा, केसी वेणुगोपाल, जयराम रमेश और कन्हैया कुमार जैसे कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए।
कांग्रेस का तीन चरणों वाला विरोध कार्यक्रम
बैठक के बाद कांग्रेस नेता कन्हैया कुमार ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान बताया कि पार्टी 14 अगस्त को सभी जिला मुख्यालयों पर ‘लोकतंत्र बचाओ मशाल मार्च’ निकालेगी। इसके बाद 22 अगस्त से 7 सितंबर के बीच 'वोट चोर, गद्दी छोड़' रैलियां होंगी। 15 सितंबर से 15 अक्तूबर तक वोटिंग अधिकार बचाने और जागरूकता के लिए सिग्नेचर अभियान चलाया जाएगा।
कन्हैया ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर साधा निशाना
कन्हैया कुमार ने आगे कहा कि केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जी ने सबूतों के साथ ये बात रखी है कि लोकतंत्र को कैसे कुचला जा रहा है। पहले हम सोचते थे कि वोट चोरी हो रही है, लेकिन अब लग रहा है कि ये चोरी नहीं, डकैती है। उन्होंने कहा कि यह संविधान और ‘वन मैन, वन वोट’ के सिद्धांत की रक्षा की लड़ाई है, जिसे कांग्रेस लाई थी और वही अब इसे बचाएगी।
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चुनाव आयोग पर राहुल गांधी ने लगाए गंभीर आरोप
मामले में राहुल गांधी लगातार रूप से चुनाव आयोग और केंद्र सरकार पर कई सारे आरोप लगाते आए है। इसी सिलसिले में एक बार फिर कांग्रेस नेता ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि आयोग ने 'वन मैन वन वोट' के सिद्धांत को लागू करने की जिम्मेदारी निभाई ही नहीं। उन्होंने कहा कि हम संविधान की रक्षा कर रहे हैं। ‘वन मैन वन वोट’ संविधान की नींव है। चुनाव आयोग को यह सिद्धांत लागू करना चाहिए था, लेकिन उसने अपनी जिम्मेदारी नहीं निभाई। उन्होंने कहा कि यह लड़ाई किसी पार्टी की नहीं बल्कि देश के संविधान की रक्षा की लड़ाई है।
कांग्रेस ने वोट चोरी के खिलाफ लॉन्च किया पोर्टल
इतना ही नहीं कांग्रेस ने इस मुद्दे को जनता तक पहुंचाने के लिए votechori.in/ecdemand नाम से एक वेब पोर्टल लॉन्च किया है। इस पोर्टल पर कोई भी व्यक्ति वोट चोरी के सबूत डाउनलोड कर सकता है, चुनाव आयोग से जवाबदेही की मांग कर सकता है और वोट चोरी की शिकायत भी दर्ज कर सकता है। वहीं राहुल गांधी ने लोगों से अपील की है कि वे इस पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करें और लोकतंत्र बचाने की इस लड़ाई में हिस्सा लें।
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संसद से लेकर सड़क तक विरोध
बता दें कि इससे पहले सोमवार को राहुल गांधी, खरगे, शरद पवार समेत विपक्षी सांसदों ने संसद से लेकर चुनाव आयोग तक मार्च निकाला। इस दौरान मतदाता सूची के विशेष गहन पूनरिक्षण (एसआईआर) के विरोध में सभी सांसदों ने सफेद टोपी पहन रखी थी, जिस पर ‘वोट चोरी’ लिखा था। हालांकि पुलिस ने उन्हें मध्य मार्ग पर ही रोक लिया और सभी को थोड़ी देर के लिए हिरासत में लिया गया।