Kumbh: नासिक में अगले वर्ष 31 अक्तूबर से शुरू होगा कुंभ मेला; अखाड़ों के साथ बैठक के बाद सीएम फडणवीस का एलान
सिंहस्थ की शुरुआत के बाद 29 जुलाई 2027 को नासिक में नगर प्रदक्षिणा होगी। पहला अमृत स्नान दो अगस्त 2027 को होगा, जबकि दूसरा अमृत स्नान 31 अगस्त को होगा और तीसरा और अंतिम स्नान 11 सितंबर को नासिक में और 12 सितंबर को त्र्यंबकेश्वर में होगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
सिंहस्थ कुंभ मेला अगले वर्ष 31 अक्तूबर को नासिक के त्र्यंबकेश्वर के साथ-साथ रामकुंड और पंचवटी में ध्वजारोहण के साथ शुरू होगा और 24 जुलाई, 2028 तक चलेगा। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने रविवार को 13 प्रमुख अखाड़ों के महंतों और पुरोहित संघ के पदाधिकारियों के साथ बैठक के बाद मेले की तारीखों का एलान किया।
तय कार्यक्रम के मुताबिक, सिंहस्थ की शुरुआत के बाद 29 जुलाई 2027 को नासिक में नगर प्रदक्षिणा होगी। पहला अमृत स्नान दो अगस्त 2027 को होगा, जबकि दूसरा अमृत स्नान 31 अगस्त को होगा और तीसरा और अंतिम स्नान 11 सितंबर को नासिक में और 12 सितंबर को त्र्यंबकेश्वर में होगा। 24 जुलाई 2028 को ध्वज को उतार दिया जाएगा। इसी के साथ 12 वर्षों में एक बार आयोजित होने वाले सिंहस्थ कुंभ मेले का समापन हो जाएगा।
4000 करोड़ की लागत वाले कार्यों के लिए निविदाएं जारी
इस मौके पर फडणवीस ने संवाददाताओं से कहा, बैठक में शामिल लोगों को आयोजन के लिए प्रदेश सरकार की ओर से किए जा रहे कार्यों का ब्योरा दिया गया। उन्होंने कहा, 4,000 करोड़ रुपये की लागत वाले कार्यों के लिए निविदाएं जारी की गई हैं। 2,000 करोड़ रुपये की लागत वाले अन्य कार्यों के लिए भी जल्द ही निविदाएं जारी की जाएंगी। सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी), गोदावरी नदी की सफाई और साधुग्राम के लिए भूमि अधिग्रहण का काम भी प्रगति पर है।
इसे भी पढ़ें- पूर्वोत्तर में बारिश से हालात बदतर: शाह ने स्थिति की ली जानकारी, कहा- मदद के लिए मोदी सरकार चट्टान की तरह खड़ी
संरक्षक मंत्री के चयन पर सस्पेंस बरकरार
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने इस दौरान यह साफ नहीं किया कि 2026-27 में सिंहस्थ कुंभ मेले की मेजबानी करने वाले नासिक जिले का संरक्षक मंत्री कौन होगा। उन्होंने यह संकेत दिया कि इस पद के लिए प्रतिस्पर्धा कर रहे महायुति के तीन सहयोगियों के बीच मतभेद अभी भी अनसुलझे हैं। उन्होंने कहा कि कुंभ मंत्री गिरीश महाजन (भाजपा) मंत्रियों दादा भुसे (शिवसेना), छगन भुजबल और नरहरि जिरवाल (दोनों राकांपा) के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि संरक्षक मंत्री के न होने से प्रशासनिक कार्य प्रभावित नहीं हुआ है। प्रेस वार्ता के दौरान जब उनसे संभावित जिला संरक्षक मंत्री के चयन को लेकर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि संरक्षक मंत्री आते जाते रहते हैं। इस मुद्दे पर राजनीति न करें, कुंभ मेला एक धार्मिक और सांस्कृतिक पर्व है।
इसे भी पढ़ें- UP: राम मंदिर में दूसरी बार होगी प्राण प्रतिष्ठा, अपने पूरे परिवार के साथ विराजेंगे राजाराम, ये रहा कार्यक्रम
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.