936 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास करेंगे सीएम अखिलेश
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव जिले में 936 करोड़ की लागत से पूरी होने वाली 21 योजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इनमें मुजफ्फरनगर-सहारनपुर मार्ग भी शामिल हैं। इन सभी योजनाओं का पैसा जारी हो चुका है। डीएम दिनेश सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश राज्य राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा बनाए जा रहे मुजफ्फरनगर- सहारनपुर मार्ग का शिलान्यास करेंगे।
नगर पालिका द्वारा बनवाई जा रही सर्कुलर रोड की सड़क, बरला-बसेडा मार्ग के चौड़ीकरण, देवबंद ब्रांच डाउन पटरी मार्ग की मरम्मत, तितावी नहर की पटरी का कार्य, ग्राम रसूलपुर जाटान में पेयजल योजना, बघरा में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, खतौली में ट्रामा सेंटर, दूधली में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, जिला महिला चिकित्सालय में 100 शैया का मैटरनिटी विंग भवन, सहायक संभागीय परिवहन कार्यालय, खाइखेड़ा पेयजल योजना, शहर में पूर्व क्षतिग्रस्त सीवर लाइन को बदलने एवं गृह संयोजन के कार्य शामिल है।
इसके अलावा सर्कुलर रोड पर पाइप लाइन बिछाने का कार्य, काली नदी के किनारे बाढ़ सुरक्षा योजना, रामराज खादर में गंगा नदी के दायें किनारे पर तटबंध का निर्माण कार्य, तीर्थ स्थल शुक्रताल में स्नान घाट के निर्माण का कार्य, मंसूरपुर में रेल उपरगामी सेतु निर्माण, काली नदी पर दो लेन सेतु एवं पहुंच मार्ग निर्माण, खतौली में साइकिल ट्रैक का निर्माण, बचन सिंह कालोनी में नाला निर्माण कार्य का शिलान्यास होगा।
मुख्यमंत्री का विरोध करेगी शिवसेना
गंगधाड़ी के मनोज कुमार ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को पत्र भेजकर कहा कि सपा सरकार के चार साल में उनके गांव में एक भी विकास कार्य नहीं हुआ है। गांव में पानी भर जाता है और चलने के लिए सड़क तक नहीं है। गांव के तालाब पर कब्जा हो गया है। हमारे गांव में प्रदेश सरकार का विकास कहीं भी दिखाई नहीं देता है।
शिवसेना ने प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर धर्म के नाम पर भेदभाव का आरोप लगाते हुए काले झंडे दिखाकर विरोध करने का निर्णय लिया है। बैठक में ललित मोहन शर्मा, जिला प्रमुख नरेंद्र पंवार, योगेंद्र शर्मा, मुकेश त्यागी, आनंदप्रकाश गोयल, देवेंद्र चौहान, लोकेश सैनी आदि मौजूद रहे।
रालोद छात्र सभा के जिलाध्यक्ष पराग चौधरी ने कहा कि सांध्यकालीन कक्षाएं चलाने की मांग को लेकर वे मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मिलेंगे। चौधरी ने कहा कि इस समय छात्रों के सामने एडमिशन न होना सबसे बड़ी समस्या है। प्रदेश सरकार इसे लेकर गंभीर नहीं हैं।