{"_id":"6380c509fba7d9613672517e","slug":"centre-directs-nia-probe-into-mangaluru-blast-case-karnataka-home-minister-announced-latest-updates","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mangaluru Blast: केंद्र ने मंगलुरु विस्फोट मामले की जांच एनआईए को सौंपी, कर्नाटक के गृहमंत्री ने दी जानकारी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Mangaluru Blast: केंद्र ने मंगलुरु विस्फोट मामले की जांच एनआईए को सौंपी, कर्नाटक के गृहमंत्री ने दी जानकारी
Fri, 25 Nov 2022 08:29 PM IST
अभिषेक दीक्षित
एजेंसी, बेंगलुरु
एजेंसी, बेंगलुरु
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Fri, 25 Nov 2022 08:29 PM IST
सार
गृह मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रारंभिक जांच के दौरान एकत्र किए गए सबूतों और अन्य सूचनाओं के आधार पर एनआईए जांच की सिफारिश करने का निर्णय लिया था।
विज्ञापन
Mangaluru autorickshaw blast accused Sharik
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केंद्र सरकार ने मंगलुरु विस्फोट मामले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को सौंप दी है। कर्नाटक के गृह मंत्री अरागा ज्ञानेंद्र ने शुक्रवार को कहा कि केंद्र ने मंगलुरु विस्फोट मामले की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी को करने का निर्देश दिया है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने ऑटोरिक्शा में कुकर बम विस्फोट की एनआईए जांच की सिफारिश की थी, जिसे केंद्रीय गृह मंत्रालय ने स्वीकार कर लिया है। गृह मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने प्रारंभिक जांच के दौरान एकत्र किए गए सबूतों और अन्य सूचनाओं के आधार पर एनआईए जांच की सिफारिश करने का निर्णय लिया था।
विज्ञापन
इससे पहले केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे ने दावा किया कि मंगलुरु विस्फोट के आरोपी ने इस्लामिक स्टेट से प्रशिक्षण लिया था। इसके बाद उसने 40 से अधिक लोगों को प्रशिक्षण दिया था। उन्होंने कहा कि आरोपी भारत विरोधी पोस्टर लगाए जाने के मामले में इसलिए जमानत पर बाहर आ गया था, क्योंकि गहन जांच नहीं हुई।
विज्ञापन
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, केंद्रीय मंत्री ने कहा कि 40 साल के आरोपी मोहम्मद शारिक ने 40 से ज्यादा लोगों को आईएसआईएस का प्रशिक्षण दिया था। यह बात भी सामने आई है कि उसने खुद भी आईएसआईएस का प्रशिक्षण लिया था। यह भी पता चला था कि मोहम्मद शारिक ने अक्तूबर में उडुपी स्थित श्रीकृष्ण मठ का दौरा किया था। रिपोर्ट में दावा किया गया कि श्रीकृष्ण मठ के कार स्ट्रीट क्षेत्र और उसके आसपास व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के सीसीटीवी कैमरों से इसका खुलासा हुआ है।
दरअसल, 19 नवंबर को मंगलुरु में एक ऑटोरिक्शा में विस्फोट हुआ था। इस धमाके को पुलिस ने जांच के बाद आतंकी कृत्य करार दिया था। राज्य सरकार ने आगे की जांच के लिए एनआईए जांच की मांग की थी। मामले को एनआईए को सौंप दिया गया है।