फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America

Bomb Cyclone: बर्फीले तूफान की तबाई से अब तक नहीं उबरा अमेरिका, जानें बीते छह दिन ‘बम’ की वजह से क्या-क्या हुआ

Thu, 29 Dec 2022 07:31 PM IST
शिवेंद्र तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवेंद्र तिवारी Updated Thu, 29 Dec 2022 07:31 PM IST
सार

क्रिसमस से पहले यात्रा करने वाले लाखों लोग प्रभावित हुए। 7,423 उड़ानों में देरी हुई। वहीं, 3,426 उड़ानों को रद्द कर दिया गया। दुर्घटनाओं के बढ़ने से राजमार्ग बंद हो गए।  

विज्ञापन
Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
बम चक्रवात - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

अमेरिका में बर्फीले चक्रवाती तूफान ''बम'' ने अमेरिका और कनाडा में भारी तबाही मचाई है। इसकी वजह से अमेरिका के करीब 20 करोड़ लोग बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। 60 से अधिक लोगों की जान लेने वाले इस तूफान के चलते अभी लोगों की जिंदगी पटरी पर नहीं लौटी है। आइये जानते हैं इस तूफान की वजह से अब तक क्या-क्या हुआ?
विज्ञापन

 
शनिवार को अमेरिका के ज्यादातर हिस्सों में भयंकर बर्फीला तूफान 'बम' आया, जिससे  बर्फीली बारिश, बाढ़ और भीषण ठंड रिकॉर्ड स्तर पर आ गई। शनिवार को तूफान से एक दर्जन से अधिक लोगों की मौत हुई। इसके कारण देशभर में जरूरी सेवाएं बाधित हुईं। वहीं, लगभग 14 लाख घरों और व्यवसायिक प्रतिष्ठानों की बिजली गुल हो गई। लोगों को दोपहर बाद तक बिना बिजली के रहना पड़ा।
विज्ञापन

 तूफान जैसे ही दक्षिण में टेक्सास की ओर बढ़ा, कई लोगों ने दशकों बाद सबसे ठंडे क्रिसमस की पूर्व संध्या का सामना किया। इस तूफान ने बिजली की लाइनों को गिरा दिया, राजमार्गों पर दुर्घटनाएं होने लगीं और बड़े पैमाने पर उड़ानें रद्द कर दी गईं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
बम चक्रवात - फोटो : social media
अमेरिका से चला तूफान कनाडा पहुंचा
अमेरिका में तबाही मचाते हुए आगे यह तूफान कनाडा के पास ग्रेट लेक्स से मैक्सिको सीमा के साथ रियो ग्रांडे तक 2,000 मील तक फैल गया। बर्फीली बारिश ने उत्तर-पश्चिम के अधिकांश प्रशांत क्षेत्र को कवर किया, जबकि उत्तर पूर्व में बाढ़ का सामना करना पड़ा, जिसके बाद भारी हिमपात भी हुआ। न्यू इंग्लैंड के छह राज्यों में, लगभग 4,00,000 लोग बिजली के बिना रहे, कुछ जरूरी सेवाओं की बहाली में पूरा दिन लग गया। उत्तरी कैरोलिना में, लगभग 3,70,000 लोग बिना बिजली के थे। 

Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
बफैलो एयरपोर्ट में बर्फ - फोटो : सोशल मीडिया
उड़ाने रद्द, क्रिसमस पर असर
क्रिसमस से पहले यात्रा करने वाले लाखों लोग प्रभावित हुए। 7,423 उड़ानों में देरी हुई। वहीं,  3,426 उड़ानों को रद्द कर दिया गया। दुर्घटनाओं के बढ़ने से राजमार्ग बंद हो गए। ओहियो टर्नपाइक पर 50 वाहनों की टक्कर में चार की मौत हो गई। कैनसस सिटी, मिसौरी में एक चालक की एक खाड़ी में फिसलने से मौत हो गई थी। कंसास की सड़कों पर तीन की मौत हो गई।  
कनाडा में, वेस्टजेट ने टोरंटो के पियर्सन हवाई अड्डे पर सभी उड़ानें रद्द कर दीं। मेक्सिको में, प्रवासियों ने असामान्य रूप से ठंडे तापमान में अमेरिकी सीमा के पास डेरा डाला जिनपर कोरोना के प्रतिबंधों के कारण शरण मांगने पर रोक लगी हुई थी। 
बोस्टन में, बर्फीली बारिश से शहर की कुछ सड़कों पर पानी भर गया। वरमोंट में, रेल सेवा रद्द कर दी गई और गैर-आवश्यक सरकारी कार्यालय जल्दी बंद हो गए। न्यूयॉर्क में, गवर्नर कैथी होचुल ने आपातकाल की स्थिति घोषित की और बफेलो क्षेत्र में राष्ट्रीय गार्ड को तैनात करने की योजना की घोषणा हुई।
 

Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
न्यूयार्क में बम चक्रवात का कहर - फोटो : सोशल मीडिया
क्रिसमस पर भी जारी रही तूफानी तबाही 
बम तूफान के कारण आई तबाही का आलम क्रिसमस यानि रविवार को भी जारी रहा। क्रिसमस पर भी हिमपात, हाड़ कंपा देने वाली ठंड और आवाजाही में मुसीबतों का दौर जारी रहा।  दक्षिण में मध्य फ्लोरिडा के कुछ स्थानों ने कई वर्षों में अपने सबसे ठंडी सर्दियों के तापमान को महसूस किया। नॉर्थ डकोटा से मियामी तक क्रिसमस की सुबह लगभग 9.4 करोड़ लोग विंड चिल एडवाइजरी के तहत रहे। कई फीट जमी बर्फ ने क्रिसमस के दिन 15 करोड़ अमेरिकियों को अपनी यात्राएं रद्द करने के लिए मजबूर कर दिया। 
 

क्रिसमस पर जानलेवा तूफान 
पश्चिमी न्यूयॉर्क में कम से कम 12 लोग सर्दियों के तूफान के दौरान मारे गए। रविवार को ग्रेट लेक्स के कुछ हिस्सों में बर्फ की वजह से कई घटनाएं हुईं। तीव्र निम्न दबाव क्रिसमस की शाम तक कमजोर हुआ लेकिन तेज हवाएं और बर्फबारी फिर भी कम नहीं  हुईं। मिशिगन और पश्चिमी न्यूयॉर्क के अधिकांश हिस्सों में 2-4 फीट से अधिक हिमपात हुआ। वहीं, न्यूयॉर्क में लेक एरी के पास कुछ स्थानों पर पहले ही 5-6 फीट बर्फ गिरी।
 

Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
न्यूयार्क की सड़कों पर चारों ओर बर्फ जमा - फोटो : सोशल मीडिया
 तूफान के तीसरे दिन भी जनजीवन रहा प्रभावित
बम तूफान सोमवार से कमजोर पड़ने लगा। लेकिन, इससे उत्पन्न तबाही का मंजर अमेरिका के कई हिस्सों में दिखा। सोमवार को हजारों घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द कर दी गईं। अकेले साउथवेस्ट एयरलाइंस की 2,909 उड़ानें रद्द हुईं। क्रिसमस पर 4 फीट बर्फ गिरने के बाद सोमवार को 7.3 इंच और बर्फबारी हुई।  
तूफान ने सोमवार को सबसे ज्यादा डाउनटाउन बफेलो में तबाही मचाई। राष्ट्रीय मौसम सेवा के मुताबिक सोमवार सुबह 10 बजे बफेलो नियाग्रा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कुल बर्फ 49.2 इंच थी। इसके कारण हवाईअड्डा बुधवार सुबह तक बंद रहा। सोमवार को तूफान ने शिकागो में कई बफेलो निवासियों को फंसा लिया। वे शनिवार को सोल्जर फील्ड में बियर्स-बिल्स गेम के लिए आए थे। इसी बीच सोमवार को ही परिस्थितियों का जायजा लेने के लिए न्यूयार्क की गवर्नर कैथी होचुल ने अपने गृहनगर बफेलो का दौरा किया।
 

Bomb Cyclone: Know what happened In the last six days in America
नियाग्रा फाल्स - फोटो : सोशल मीडिया
क्या है मौसम का ताजा हाल?
अमेरिका में मौसम की ताजा स्थितियों कि बात करें तो न्यूयॉर्क सहित कई सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में स्थितियों में सुधार होने लगा है। स्थानीय बफेलो नियाग्रा अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा पिछले शुक्रवार को बंद होने के बाद  स्थानीय समययानुसार गुरुवार को सुबह 11 बजे फिर से खुल गया। हालांकि, लगभग सभी निर्धारित प्रस्थान उड़ानें रद्द या विलंबित हैं। बफेलो की रेल सेवा फिर से निर्धारित समय पर चल रही है। काउंटी कार्यकारी ने कहा कि तापमान बढ़ने और बर्फ पिघलने की शुरुआत के साथ, काउंटी अब बाढ़ की संभावना को देखते हुए इससे निपटने के लिए तैयारी कर रही है।

अमेरिका और कनाडा में लोग अभी भी घातक सर्दियों के तूफान के साथ-साथ बदलते खतरनाक मौसम के प्रभावों से निपट रहे हैं, जिससे कई मौतें हुई हैं। पश्चिमी अमेरिका में लोगों ने तेज हवा और बारिश का अनुभव किया है। यहां अभी भी भारी वर्षा होने का अनुमान है। वहीं, वेदर प्रेडिक्शन सेंटर के अनुसार, गुरुवार को पश्चिम और अमेरिका के दक्षिण में भारी बारिश या पहाड़ी हिमपात हो सकता है और यह सप्ताह के अंत तक जारी रह सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed