Bengaluru: 'हमने आरसीबी या केसीए से अनुरोध नहीं किया, वे ही टीम लेकर बंगलूरू आए', कर्नाटक सरकार ने झाड़ा पल्ला
आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की जीत का जश्न तब फीका पड़ गया, जब बंगलूरू में भगदड़ के दौरान 11 लोगों की जान चली गई। आरसीबी ने पहली बार खिताब जीता तो बंगलूरू में ट्रॉफी का जश्न मनाने लाखों प्रशंसक जमा हुए। हालांकि, चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर भगदड़ मची और फैंस की जान चली गई।
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विस्तार
बंगलूरू भगदड़ पर कर्नाटक के गृह मंत्री डॉ. जी परमेश्वर ने बड़ा बयान दिया है। सरकार पर लगते लापरवाही के आरोपों के बीच उन्होंने इवेंट के आयोजन से पल्ला झाड़ लिया है। उन्होंने कहा कि हमें किसी इवेंट का आयोजन नहीं किया, न ही हमने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम को बंगलूरू बुलाया। वे खुद ही यहां आए।
दरअसल, भाजपा समेत तमाम राजनीतिक दलों ने राज्य की कांग्रेस सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के बीच जारी अनबन की वजह से जरूरी व्यवस्थाओं में चूक हुई और इतना बड़ा हादसा हो गया।
इन सबके बीच उन्होंने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, 'मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दिए हैं। जांच की रिपोर्ट सरकार को आने दीजिए और अगर कोई चूक हुई है, तो जो भी जिम्मेदार पाया जाएगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। हमने आरसीबी या केसीए से अनुरोध नहीं किया, उन्होंने इसका आयोजन (विजय उत्सव) किया। वे ही टीम को बंगलूरू लेकर आए थे। सरकार को भी लगा कि उन्हें सुविधा देनी चाहिए, क्योंकि यह बगलुरू की टीम थी। मुझे बहुत दुख है कि यह घटना हुई।'
डॉ. परमेश्वर ने कहा, 'हमने अनुमान लगाया था कि विधान सौधा के बाहर 1 लाख लोग और स्टेडियम के बाहर 25,000 लोग होंगे। हमें उम्मीद नहीं थी कि 2.5 लाख लोग आएंगे। 8.70 लाख मेट्रो टिकट बेचे गए। यह मानते हुए कि अधिकांश क्रिकेट प्रशंसक थे, 8 लाख लोग आए। क्रिकेट के लिए इतने लोगों के इकट्ठा होने का कोई पिछला उदाहरण नहीं है। अगर यह अच्छा होता तो यह एक रिकॉर्ड होता। मैंने आरसीबी और केएससीए से बात की है - उन्होंने हमें अपनी राय बताई है।'
प्रियांक खरगे बोले- हां... गलती हुई
इससे पहले कर्नाटक के मंत्री प्रियांक खरगे ने कहा, 'हां, गलती हुई है। बेहतर योजना और समन्वय से इसे टाला जा सकता था। एक स्टेडियम (एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम) जिसकी क्षमता 35,000 लोगों की है, लेकिन 2-3 लाख लोग सड़कों पर उमड़ पड़े। हालांकि, हमने अपनी तरफ से पूरी कोशिश की, लेकिन हम भीड़ को नियंत्रित नहीं कर पाए। सीएम ने जिम्मेदारी ली है और हम सुधारात्मक कदम उठाएंगे। भाजपा को हर चीज का राजनीतिकरण करना पसंद है। हर चीज का राजनीतिकरण करने की भाजपा की मंशा ठीक नहीं है।'
क्या है मामला?
इससे पहले बंगलूरू में बीते दिन रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की 18 साल में पहली बार आईपीएल चैंपियनशिप जीत के जश्न का मौका था। खिताब जीतने के बाद टीम बुधवार को सम्मान समारोह के लिए बंगलूरू पहुंची। उनके लिए रेड कार्पेट बिछाया गया था। क्रिकेट प्रेमी अपने नायकों की एक झलक पाने के लिए चिन्नास्वामी स्टेडियम में लाखों की संख्या में पहुंचे थे। हालांकि, आखिरी समय में किए गए बदलावों और क्रिकेट प्रशंसकों के कम आंकलन के कारण जश्न भयावह हो गया, जिसमें कम से कम 11 लोगों की मौत हो गई। इसमें 30 से ज्यादा लोग घायल हो गए थे।
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