बरेली : संघ का एलान- रूठे बहुसंख्यकों को मनाना है, अब मंदिर जरूर बनाना है
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
केंद्र और प्रदेश में भाजपा सरकार होने के बावजूद अयोध्या में श्रीराम मंदिर निर्माण न होने के प्रति जनता की नाराजगी को भांपते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) ने इस मुद्दे पर आक्रामक रुख अख्तियार कर लिया है। आरएसएस के प्रांत प्रचारक डॉ. हरीश ने कहा कि कांग्रेस समेत सभी विपक्षी दल श्रीराम मंदिर निर्माण में बाधाएं खड़ी कर रहे हैं, लेकिन अयोध्या में मंदिर हर हाल में बनेगा।
रामपुर गार्डन स्थित रामानुजदयाल सरस्वती शिशु मंदिर में बृहस्पतिवार सुबह आठ बजे हुई आरएसएस पदाधिकारियों और भाजपा के सांसद-विधायकों की गोपनीय बैठक में आरएसएस के प्रांत प्रचारक ने कहा कि संघ हमेशा से ही राष्ट्र निर्माण में लगा रहा है। अयोध्या में श्रीराम मंदिर का निर्माण राष्ट्रीय बहुसंख्यक समाज की आस्था का मुद्दा है।
'अध्यादेश लाकर राम मंदिर का निर्माण कराए केंद्र सरकार'
उन्होंने कहा कि इसमें पहले भी तमाम तरह की बाधाएं खड़ी की गईं। अब भी खड़ी की जा रही हैं। केंद्र सरकार संसद में अध्यादेश लाकर श्रीराम मंदिर का निर्माण करे। आरएसएस के विस्तारकों को श्रीराम मंदिर मुद्दे पर शहर-शहर और गांव-गांव अलख जगाकर हिंदू समाज को जागृत करने के निर्देश दिए गए ताकि मंदिर के पक्ष में माहौल बनाया जा सके।
25 नवंबर को विश्व हिंदू परिषद की शंखनाद रैली में भी अघोषित तौर पर स्वयंसेवकों को भीड़ जुटाने के लिए कहा गया है। बैठक में संघ के सह प्रांत प्रचारक मुनीश, विभाग प्रचारक रमेश चंद्र, केसी गुप्ता के अलावा केंद्रीय श्रम रोजगार मंत्री संतोष गंगवार, विधायक राजेश मिश्रा पप्पू भरतौल, प्रोफेसर श्यामबिहारी लाल, केसर सिंह गंगवार, छत्रपाल गंगवार आदि मौजूद थे।