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AAIB: विमानन सुरक्षा फर्म के CEO मार्टिन ने कहा- रिपोर्ट रहस्यमयी, कई ऐसे बिंदु जो आपस में मेल नहीं खाते
Sun, 13 Jul 2025 08:10 AM IST
दीपक कुमार शर्मा
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: दीपक कुमार शर्मा
Updated Sun, 13 Jul 2025 08:10 AM IST
सार
मार्क डी मार्टिन ने कहा, पहले भी ऐसी खबरें आई हैं कि ईंधन स्विच कई बार ट्रिप हो गए और कटऑफ स्थिति में वापस आ गए। दुखद बात यह है कि दुनिया की ज्यादातर रखरखाव, मरम्मत और ओवरहाल (एमआरओ) कंपनियां एएआईबी को गंभीरता से नहीं लेतीं। एयरवर्थनेस डायरेक्टिव (एडी) और सर्विस बुलेटिन (एसबी) को ही गंभीरता से लेते हैं।
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एएआईबी की जांच रिपोर्ट के अंश
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
विमानन सुरक्षा एवं परामर्श फर्म मार्टिन कंसल्टिंग के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) व विमानन सुरक्षा विशेषज्ञ मार्क डी मार्टिन ने शनिवार को कहा कि अहमदाबाद विमान हादसे पर एएआईबी की रिपोर्ट कई मायनों में रहस्यमयी है। इसमें कई ऐसे बिंदु हैं, जो आपस में मेल नहीं खाते। उन्होंने तर्क दिया कि विमान में रैम एयर टर्बाइन (आरएटी) केवल इंजन फेल होने की स्थिति में ही लगाया गया था।
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मार्टिन ने कहा, पहले भी ऐसी खबरें आई हैं कि ईंधन स्विच कई बार ट्रिप हो गए और कटऑफ स्थिति में वापस आ गए। दुखद बात यह है कि दुनिया की ज्यादातर रखरखाव, मरम्मत और ओवरहाल (एमआरओ) कंपनियां एएआईबी को गंभीरता से नहीं लेतीं। एयरवर्थनेस डायरेक्टिव (एडी) और सर्विस बुलेटिन (एसबी) को ही गंभीरता से लेते हैं। उन्होंने आगे कहा, हम अभी जांच के शुरुआती चरण में हैं और पूरी रिपोर्ट आने में अभी 90 दिन बाकी हैं। उन्होंने एअर इंडिया-171 दुर्घटना की जांच में कोई कसर नहीं छोड़ी जाने की अपील की। साथ ही प्रारंभिक रिपोर्ट को वैश्विक कोरम में ले जाने का आग्रह किया, ताकि अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा नियामक भी ड्रीमलाइनर की दुर्घटना के कारणों को समझ सकें।
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मार्टिन ने कहा कि पूरी रिपोर्ट आने का इंतजार करना चाहिए, लेकिन उन्होंने शुरुआती रिपोर्ट के कुछ पहलुओं पर सवाल उठाए, जिनमें पायलट की गलती का संकेत दिया गया था। उन्होंने कहा कि यह असंभव है कि कोई भी पायलट, खासकर टेकऑफ के दौरान, थ्रस्ट लेवल के पीछे लगे स्विच में दखलंदाजी या छेड़छाड़ करना चाहेगा। ज्यादा से ज्यादा आप कॉकपिट के फ्रंट पैनल में लगे लैंडिंग गियर को ऊपर उठाने पर ध्यान केंद्रित करेंगे, या फ्लैप को ऊपर उठाएंगे। उन्होंने कहा, यह जरूरी है कि इस जांच को अंतरराष्ट्रीय नागरिक उड्डयन संगठन (आईसीएओ), सीएए कनाडा और अन्य सुरक्षा निरीक्षण नियामकों को शामिल करते हुए वैश्विक स्तर पर भी शामिल किया जाए, जो अपने क्षेत्राधिकार में 787 विमान संचालन का प्रबंधन और देखरेख करते हैं।