फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   amar ujala poll: comman people should get cheapest loans facility

अमर उजाला पोल: नोटबंदी के बीच आम आदमी को सस्ते लोन की राहत मिलनी चाहिए

Thu, 08 Dec 2016 06:30 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली Updated Thu, 08 Dec 2016 06:30 PM IST
विज्ञापन
amar ujala poll: comman people should get cheapest loans facility
poll

नोटबंदी के बीच केंद्रिय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने पॉलिसी रेपो रेट पर बड़ा फैसला लिया है। रेपो रेट 6.25 फीसदी रहेगा, वहीं रिवर्स रेपो 5.75 फीसदी ही रहेगा। नोटबंदी के बाद देश में बैंकों के सामने अतिरिक्त कैश की समस्या को देखते हुए रिजर्व बैंक ने उन्हें ब्याज दरों के जरिए किसी भी तरह की राहत देने से मना कर दिया है।

विज्ञापन


लिहाजा, अब आपकी ईएमआई जस की तस बनी रहेगी। बाजार को उम्मीद थी कि नोटबंदी के दबाव से बाहर निकालने के लिए रिजर्व बैंक कम से कम 25 बेसिस प्वाइंट की कटौती कर सकता है लेकिन बाजार को मायूस करते हुए रिजर्व बैंक ने रेपो रेट को 6.25 फीसदी पर बरकरार रखा है। आरबीआई के इस फैसले के बाद लोन की दरे जस की तस रहेंगी। 
विज्ञापन


नोटबंदी के बीच आरबीआई के इस फैसले पर अमर उजाला ने पोल किया। पोल में सवाल पूछा, 'कैश की किल्लत से जूझ रहे आम आदमी को सस्ते लोन की राहत मिलनी चाहिए थी?' पोल में कुल  9,559 पाठकों ने हिस्सा लिया। सबसे अधिक 85.52 फीसदी यानि 8,175 पाठकों का मानना है कि कैश की किल्लत से जूझ रहे आम आदमी को सस्ते लोन की राहत मिलनी चाहिए। 11.73 फीसदी यानि 1,121 पाठकों ने आम आदमी को सस्ते लोन की राहत नहीं मिलनी चाहिए। वहीं 2.75 फीसदी यानि 263 पाठकों ने कह नहीं सकते विकल्प को चुना।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed