अफ्रीकी नागरिकों पर नस्लभेद के कारण नहीं हुए हमले: सुषमा
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केंद्र सरकार ने यह साफ कर दिया है कि भारत में अफ्रीकी नागरिकों पर हाल में हुए हमले नस्लभेद से प्रेरित नहीं थे। इन हमलों की वजह अपराध से जुड़ी है। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने राज्यसभा में यह जानकारी दी। सुषमा ने कहा कि संबंधित अफ्रिकी देशों की सरकारों ने भारत से इन अपराधियों को कानून के शिकंजे में लेने का वादा किया है।
बृहस्पतिवार को राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि वह हमले किसी खास नस्ल या जाति पर सोच समझ कर किए गए हमले नहीं थे।
गौरतलब है कि कई शहरों में अफ्रिकियों पर हुए हमलों के बाद भारत में होने वाले अफ्रिकी देशों का सम्मेलन टलने की कगार पर पहुंच गया था। सुषमा स्वराज ने कहा कि 20 मई को दिल्ली में कांगो के नागरिक पर जब गुंडे हमले कर रहे थे तो कई शहरी उसके बचाव में आए। लेकिन उन गुंडों ने बचाने वालों को भी मारा।
हमला नस्लीय होता तो अफ्रीकी को बचाने कोई नहीं आता
सुषमा के मुताबिक अगर वह हमला नस्ली होता तो अफ्रीकी नागरिक को कोई बचाने नहीं आता। विदेश मंत्री ने जानकारी दी कि यहां के हमलों की प्रतिक्रिया में कांगो की राजधानी किनशासा में कुछ भारतीय ठिकानों पर पथराव हुए थे। लेकिन कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
भारत की ओर से तुरंत हुई कार्रवाई की वजह से वहां की सरकार ने हालात काबू में कर लिया। भारत अफ्रीकी देशों के छात्रों को यहां पढ़ने केलिए बड़े पैमाने पर छात्रवृत्ति देता है।
इनकी सुरक्षा के लिहाज से इन्हें उसी संस्थान में दाखिला देने का फैसला किया गया है जहां होस्टल की सुविधा है। सुषमा ने कहा कि इनपर हमले कैंपस में नहीं बल्कि शहरी इलाकों में होते हैं।