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आर्मी स्कूल में पढ़ने वाले सैकड़ो विद्यार्थियों को मिली राहत, ऐसे करेंगे पढ़ाई

Wed, 15 Apr 2020 03:01 PM IST
vivek shukla अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर Published by: vivek shukla Updated Wed, 15 Apr 2020 03:01 PM IST
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Children of civilians will able to study in army public school Gorakhpur
आर्मी पब्लिक स्कूल गोरखपुर। (File) - फोटो : अमर उजाला।
आर्मी पब्लिक स्कूल में पढ़ने वाले सिविलियंस के 122 बच्चों को स्कूल से नहीं निकाला जाएगा। कक्षा (2-8) में पढ़ने वाले इन विद्यार्थियों को आर्मी वेलफेयर एजुकेशन सोसाइटी ने अगले सत्र तक की मोहल्लत दे दी है। सत्र 2021-22 में इन विद्यार्थियों को विद्यालय छोड़ना होगा। केवल दसवीं और बारहवीं के विद्यार्थियों को स्कूल में पढ़ने की छूट रहेगी। स्कूल प्रशासन के इस फैसले पर अभिभावकों ने रोष जताया था।
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आर्मी वेलफेयर एजुकेशन सोसाइटी करती है संचालन
आर्मी वेलफेयर एजूकेशन सोसाइटी की गाइड लाइन के अनुसार अब तक स्कूल में 90:10 अनुपात में आर्मी और सिविलियंस के बच्चों को एडमिशन दिया जाता है। कुछ विशेष परिस्थिति में सिविलियंस बच्चों का अनुपात बढ़ाने और घटाने का भी प्रावधान रहा है। सोसाइटी की तरफ से पहली प्राथमिकता आर्मी स्टॉफ को देने का निर्देश दिया गया था।
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आर्मी स्टाफ के ही 300 से अधिक आवेदन
आर्मी पब्लिक स्कूल में कक्षा 1-8 में प्रवेश के लिए इस बार आर्मी स्टाफ के ही 300 से अधिक आवेदन आए हैं। नियम के मुताबिक आर्मी में कार्यरत पहली प्राथमिकता में होते हैं। उसके बाद सेवानिवृत्त कर्मचारी, एयरफोर्स और नेवी के बच्चे आते हैं।
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आर्मी वेलफेयर एजुकेशन सोसाइटी ने लॉकडाउन की वजह से सिविलियंस के बच्चों को एक सत्र के लिए राहत देने का फैसला किया है। सभी सिविलियंस के बच्चों को अगली कक्षाओं में प्रमोट कर दिया गया है।
-विशाल त्रिपाठी, प्रधानाचार्य आर्मी पब्लिक स्कूल
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