फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Entertainment ›   Movie Review ›   film review of kanchi

कांचीः मिष्ठी की खूबसूरती के अलावा और क्या?

Sat, 26 Apr 2014 10:48 AM IST
रवि बुले/अमर उजाला मुंबई
रवि बुले/अमर उजाला मुंबई Updated Sat, 26 Apr 2014 10:48 AM IST
विज्ञापन
film review of kanchi
सुभाष घई लंबे समय के बाद कांची फिल्म से अपनी वापसी कर रहे हैं। इस बार उनके साथ एक सुंदर हीरोइन भी है। जानिए फिल्म कैसी?
विज्ञापन


फिल्म देखते हुए सवाल पैदा होता है कि क्या सुभाष घई आज बन रही फिल्में देखते भी हैं या वक्त मिलने पर अपनी ही बनाई फिल्में देखते हैं। ‘कांची’ का ऊपरी तानाबाना भले ही आज का दिखे, लेकिन अंदर का नजारा अस्सी और नब्बे के दशक का है।

कभी शो मैन कहलाने वाले घई बीते डेढ़ दशक से फ्लॉप पर फ्लॉप फिल्में बना रहे हैं। यह बात उनके प्रशंसकों को खटकती है। ‘कांची’ उनके दुख को बढ़ाने का ही काम करती है।
विज्ञापन


ढाई घंटे की इस फिल्म की कहानी तो कमजोर है ही, घई के निर्देशन का जादू भी यहां गायब है। वह कर्णप्रिय संगीत भी यहां नहीं है, जो उनकी फिल्मों की पहचान होता है। यहां अगर कुछ है तो कमजोरी से गढ़े गए सीन और कुछ घटनाओं को स्थापित करने के लिए कमजोर तर्क।
विज्ञापन
विज्ञापन


कांची (मिष्ठी) एक शहीद फौजी अफसर की बेटी है। उत्तराखंड की ऊंची पहाड़ियों में बसे गांव कोशंपा में रहती है। वह मौत से नहीं डरती। तू-तड़ाक और गालियों से बात करने में उसे रत्ती भर संकोच नहीं होता। गांव के घर-घर को पता है कि कांची गांव के ही एक और फौजी के बेटे बिंदा (कार्तिक) के लिए बनी है। दोनों में प्यार है।

कहानी में ट्विस्ट यह कि गांव की जमीन पर काकड़ा ब्रदर्स (मिथुन और ऋषि) की नजर है और वह इस खूबसूरत घाटी में एक अत्याधुनिक नगर बसाना चाहते हैं। बड़ा भाई मंत्री और छोटा बिल्डर। बड़े भाई का एक बेटा भी है, जिसे कांची पसंद आ जाती है। बिंदा इस तिकड़ी के अरमानों का रोड़ा है। वे उसे रास्ते हटा देते हैं। फिर जिस अंदाज में कांची इन लोगों को अंजाम तक पहुंचाती है उसे देख कर लगता है कि बच्चों का खेल चल रहा है।


फिल्म पूरी तरह से निराश करती है। इसके कैमरावर्क और मिष्ठी के सौंदर्य को छोड़ दिया जाए तो राहत का कोई साधन यहां नहीं है। घई को भले ही लगता रहा हो कि उनकी ‘कांची’ अनब्रेकेबल है, लेकिन कामयाबी का उनका सपना फिलहाल चकनाचूर ही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें Entertainment News से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे Bollywood News, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट Hollywood News और Movie Reviews आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed