फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Education ›   What is SAN course, This can help you get jobs in companies like Apple, Google

क्या होता है सैन कोर्स, इससे एपल व गूगल जैसी कंपनियों में भी मिलेगा नौकरी का मौका

Sun, 29 Sep 2019 11:23 AM IST
Jaya Tripathi एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला Published by: Jaya Tripathi Updated Sun, 29 Sep 2019 11:23 AM IST
विज्ञापन
What is SAN course, This can help you get jobs in companies like Apple, Google

पहले पढ़ाई फिर कमाई का दौर अब नहीं रहा। आज का युवा पढ़ाई के साथ-साथ कमाई भी करना चाहता है। इसके पीछे की सोच चाहे जो भी हो जैसे परिवार की आर्थिक रूप से सहायता करना या आर्थिक मामलों में आत्मनिर्भर होना ताकि अपनी जरूरतों के लिए दूसरों के सामने हाथ न फैलाना पड़े या फिर आने वाली आर्थिक चुनौतियों के लिए खुद को पहले से ही तैयार रखना। युवा यह समझ चुका है कि पहले वर्षों पढ़ाई करना, फिर नौकरी के लिए कोशिश करना समय नष्ट करते रहना।

विज्ञापन


आज स्टोरेज एरिया नेटवर्क (सैन) या डाटा फारमिंग और डिजास्टर मैनेजमेंट के कोर्स से गूगल एपल और आईबीएम जैसी कंपनियों में सैन मशीनें काम करती हैं ताकि उनका डाटा और आईटी सिस्टम सही तरीके से मैनेज हो सके। इन मशीनों से ही क्लाउड का जन्म हुआ। क्लाउड एक प्रोसेस है, जहां सॉफ्टवेयर के साथ डाटा कंट्रोल और मैनेज किया जाता है। 

विज्ञापन

स्टोरेज एरियर नेटवर्क (सैन) कोर्स :

यह कोर्स अलग-अलग संस्थानों में 18 महीने से लेकर 2 साल तक है। कोर्स के शुरुआती 8 से 10 महीनों तक थ्योरी और प्रैक्टिकल करवाए जाते हैं। इसके बाद संबंधित कंपनियों में इंटर्नशिप करवाई जाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

योग्यता :

कोर्स 12वीं या ग्रेजुएशन/बीटेक/बीएड के छात्र कर सकते हैं, लेकिन 12वीं के छात्रों को एक से दो माह का फाउंडेशन कोर्स कराया जाता है, जिसमें वे टेक्नोलॉजी से रूबरू होते हैं और फिर आगे की पढाई करते हैं। सैन मशीन में प्रशिक्षण से ही क्लाउड सर्विस संभव हो सकती है, लेकिन देश में बहुत कम संस्थान हैं जहां सैन मशीन है और हकीकत में क्लाउड पढ़ाया जाता है। इस कोर्स में बेसिक रोबोटिक्स की ट्रेनिंग भी दी जाती है।

प्रमुख संस्थान :

- एसेट ट्रेनिंग एंड सिसर्च इंस्टीट्यूट,
 वेबसाइट: www.a-set.in
- नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स एंड इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, कालीकट 
वेबसाइट www.nielit.gov.in
- लॉजिक इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, कोच्चि, 
वेबसाइट: www.logicindia.net 

ये भी पढ़ें : क्या है NRI बैंकिंग, इसमें करियर बनाकर कैसे कर सकते हैं बंपर कमाई

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed