IIT Roorkee: आईआईटी रुड़की ने जेईई उम्मीदवारों को दी राहत, 75% से कम अंक वालों को भी काउंसलिंग में मिलेगा मौका
IIT Roorkee: आईआईटी रुड़की ने जईई उम्मीदवारों को राहत देते हुए कहा है कि 75% से कम अंक वाले छात्र भी काउंसलिंग में भाग ले सकते हैं और अपनी रैंक के आधार पर सीट पाने का अवसर प्राप्त कर सकते हैं।
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IIT: भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रुड़की ने जेईई उम्मीदवारों के लिए एक अहम अपडेट जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि जो छात्र कक्षा 12वीं में न्यूनतम पात्रता अंक (75% या 65%) पूरी नहीं कर पाए हैं, वे भी चल रही काउंसलिंग प्रक्रिया में भाग ले सकते हैं। यह फैसला उन छात्रों के लिए राहत के रूप में देखा जा रहा है जो अपने बोर्ड अंकों के कारण पहले बाहर हो रहे थे।
JEE admission 2026: IIT Roorkee says: For those students whose Class 12 (or equivalent) marks are less than 75% (for General/OBC-NCL/GEN-EWS categories) or less than 65% (for SC/ST/PwD categories), please note the following:
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You are eligible to fill in your choices at present…— ANI (@ANI) June 5, 2026
कम अंकों के बावजूद काउंसलिंग में शामिल होने का मौका
संस्थान के अनुसार, सामान्य, ओबीसी-एनसीएल और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के छात्रों के लिए 75% से कम अंक और एससी, एसटी तथा पीडब्ल्यूडी श्रेणी के लिए 65% से कम अंक होने के बावजूद वे काउंसलिंग प्रक्रिया में भाग ले सकते हैं और अपनी पसंद भर सकते हैं। JEE रैंक के आधार पर उन्हें सीट आवंटन का अवसर दिया जाएगा, जिससे किसी भी योग्य उम्मीदवार को प्रारंभिक स्तर पर बाहर नहीं किया जाएगा।
हालांकि यह सुविधा केवल अस्थायी है। उम्मीदवारों को अपनी श्रेणी के अनुसार 75% या 65% अंकों की पात्रता सुधार परिणाम या संशोधित स्कोर कार्ड 15 जुलाई 2026 तक orgjee@iitr.ac.in पर भेजना अनिवार्य होगा। अंतिम प्रवेश तभी मान्य होगा जब यह शर्त पूरी की जाएगी, अन्यथा आवंटित सीट रद्द भी की जा सकती है।
मार्कशीट और प्रवेश पर क्या कहा?
आईआईटी रुड़की के अनुसार, छात्रों का एडमिशन तभी फाइनल होगा जब वे अपनी अपडेटेड मार्कशीट जमा करेंगे। यह मार्कशीट उन्हें चौथे काउंसलिंग राउंड के बाद दी गई सीट के आधार पर दिखानी होगी।
यह खबर ऐसे समय आई है जब CBSE की ऑनलाइन कॉपी जांच प्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। कुछ छात्रों का कहना है कि उनकी स्कैन कॉपियों में गलतियां और मिलान की समस्याएं देखी गई हैं।
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