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समान पाठ्यक्रम के मुद्दे पर केंद्र से जवाब-तलब
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Wed, 17 Aug 2016 12:08 AM IST
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कोर्ट
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देशभर में 6 से 14 वर्ष के छात्रों के लिए एक समान पाठ्यक्रम करने की मांग करते हुए हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गई है। अदालत ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
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मुख्य न्यायाधीश जी. रोहिणी व न्यायमूर्ति संगीता ढींगरा सहगल की खंडपीठ ने केंद्र सरकार को 2 सप्ताह में स्पष्ट करने का निर्देश दिया है कि क्यों न याचिका विचारार्थ स्वीकार कर ली जाए। अदालत ने मामले की सुनवाई 24 अक्तूबर तय की है।
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यह जनहित याचिका अधिवक्ता अश्वनी कुमार उपाध्याय ने दायर की है। याची ने आग्रह किया की केंद्र बच्चों को पर्यावरण, स्वास्थ्य, सुरक्षा, समाजवाद, धर्म निरपेक्षता व राष्ट्रवाद पर कोई आधिकारिक किताब दें।
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उन्हें मूलभूत अधिकार, कर्तव्य आदि के बारे में बताया जाए। संविधान के अनुच्छेद 21ए के अनुसार बच्चों को बिना किसी धर्म, वर्ग, जाति व जन्म आदि के आधार पर समान शिक्षा प्रदान करने का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि बच्चों को निशुल्क शिक्षा ही नहीं दी जानी चाहिए बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता भी तय की जानी जरूरी है।