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पॉलीथिन को ना और कपड़े के थैले को कहें हां
ब्यूरो/अमर उजाला, गुड़गांव
Updated Tue, 23 Aug 2016 12:28 AM IST
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पॉलीथिन के इस्तेमाल पर लगे रोक
- फोटो : अमर उजाला
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नगर निगम व जिला प्रशासन के पॉलीथिन मुक्त अभियान के साथ खास लोग भी जुड़ने लगे हैं। सोमवार को किंगडम ऑफ ड्रीम्स व ओपन एयर थिएटर में इसका नजारा दिखा।
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जब पूर्व वाइस चांसलर एचएस चहल व पेप्सिको के वाइस प्रेसीडेंट विश्व रमन सहित अन्य पूर्व अधिकारियों ने पॉलीथिन को ना और कपड़े के थैले को हां कहा। इन सभी ने कपड़े के थैले लिए व औरों से भी ऐसा करने की नसीहत दी। कहा कि समाज को प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए पॉलीथिन को हटाना जरूरी है।
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नगर निगम के स्वच्छता अभियान के अंतर्गत शुरू किए गए पॉलीथिन मुक्त अभियान को धीरे-धीरे सफलता मिलती दिखाई दे रही है। पॉलीथिन से होने वाले नुकसान के बारे में लोगों को बताने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।
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इससे लोगों की मानसिकता में बदलाव आने लगा है। अगर प्रत्येक नागरिक पॉलीथिन की जगह कपड़े के थैले का इस्तेमाल करे तो स्वच्छा और स्वास्थ्य दोनों में सुधार आएगा।
निगमायुक्त टीएल सत्यप्रकाश ने बताया कि ग्रामीण स्तर पर भी पॉलीथिन मुक्त अभियान के परिणाम सामने आने लगे हैं। जिला प्रशासन द्वारा उपमंडल स्तर पर सभी प्राचार्यों और सरपंचों के साथ बैठक की
जिससे प्रत्येक गांव और स्कूलों में कपड़े के थैले की अनिवार्यता पर बल दिया जाएगा। जिले के प्रत्येक विद्यार्थी को कपड़े के थैले उपलब्ध करवाने के लिए विशेष अभियान शुरू किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि फाजिलपुर बादली गांव में मात्र 72 घंटे में गांव को पॉलीथीन फ्री बना दिया गया है। जिले के सभी उपमंडलों में प्रथम चरण में उन गांवों में पॉलीथीन मुक्त अभियान चलाया जाएगा जिन गांवों के सरपंच और युवा क्लब ऐसा चाहते हैं।