रामजस कॉलेज ने आज बुलाई स्टाफ काउंसिल की बैठक, 3 पुलिसवालों को हटाने से आइसा असंतुष्ट
रामजस कॉलेज में हुई झड़प के मामले में कॉलेज प्रशासन भी हरकत में आ गया है। कॉलेज ने शनिवार को स्टाफ काउंसिल की बैठक बुलाई है। इसमें इस बात पर चर्चा की जाएगी कि कॉलेज में यह घटना क्यों हुई। इसके कारण कैंपस का माहौल बिगड़ा है।
घटना के दो दिन बाद रामजस कॉलेज के विद्यार्थी डरे हुए हैं। पीजी और हॉस्टल में रहने वाले छात्र-छात्राएं परिसर में ही घुमते नजर आए। पुलिस बल की भारी तैनाती की वजह से वे बेचैनी महसूस कर रहे हैं। छात्रों ने बताया कि डीयू में कभी भी इस तरह का तनाव नहीं रहा है।
रामजस मामला: तीन पुलिसकर्मियों को हटाने से आइसा नाराज
रामजस कॉलेज में हुए हिंसक झड़प में पुलिस की अनुचित कार्रवाई के चलते तीन पुलिस कर्मियों को हटाए जाने से छात्र संगठन आइसा संतुष्ट नहीं है। आइसा ने पुलिस के इस कदम को दिखावे की कार्रवाई बताया।
मूक दर्शक बने उच्च अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
आइसा का मानना है कि पुलिसकर्मी केवल अपने उच्च अधिकारियों के आदेश का पालन कर रहे थे। उन्होंने पुलिस पर एबीवीपी कार्यकर्ताओं को नहीं रोकने का आरोप भी लगाया है।
आइसा ने पुलिस उपायुक्त से मांग की है कि इस हिंसा में मूक दर्शक बने उच्च पुलिस अधिकारियों को भी सस्पेंड किया जाना चाहिए। रामजस कॉलेज में हुई हिंसा के वीडियो फुटेज, एमएलसी रिपोर्ट और लिखित शिकायत के बाद भी अब तक किसी एबीवीपी कार्यकर्ता को गिरफ्तार नहीं किया गया है। आइसा ने इस घटना को एबीवीपी की ओर नियोजित तरीके से किया गया हमला करार दिया है।
दिल्ली विश्वविद्यालय आइसा अध्यक्ष कंवलप्रीत कौर ने कहा कि इस घटना में उच्च अधिकारी साफ तौर पर जिम्मेदार हैं। जब तक इस मामले में मूक दर्शक बने पुलिस अधिकारियों को दंडित नहीं किया जाता, तब तक हमारा विरोध जारी रहेगा।