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डीयू का एसओएल: एक प्लेटफॉर्म बनाने की योजना
रश्मि शर्मा/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Mon, 23 Oct 2017 09:52 AM IST
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दिल्ली विश्वविद्यालय
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दिल्ली विश्वविद्यालय का स्कूल ऑफ ओपन लर्निंग विद्यार्थियों को ओपन एजुकेशन रिसोर्स पूल के माध्यम से पढ़ाने की योजना पर काम कर रहा है। इस योजना के तहत विभिन्न संस्थानों के सहयोग से एक प्लेटफॉर्म तैयार होगा।
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जिस पर संस्थानों के विभिन्न संसाधन (ऑडियो-वीडियो लेक्चर, लिखित सामग्री) उपलब्ध होंगे। इस तरह से अलग-अलग शैक्षणिक संस्थानों से संसाधनों का ऑनलाइन एक्सचेंज हो जाएगा।
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कैंपस ऑफ ओपन लर्निंग के निदेशक प्रो. सी.एस. दुबे नेे बताया कि डीयू के इंस्टीट्यूट ऑफ लाइफ लॉग लर्निंग (आईएलएलएल) खालसा कॉलेज, इग्नू, जामिया, एमिटी व ई-पाठशाला के अलग-अलग तरह के संसाधन उपलब्ध हैं।
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यदि एक कॉमन प्लेटफॉर्म बना दिया जाए तो संसाधनों का ऑनलाइन आदान-प्रदान हो जाएगा। उन्होंने कहा हम विद्यार्थियों को सशक्त और सक्षम बनाना चाहते हैं। यदि उन्हें वीडियो लेक्चर, ऑडियो लेक्चर, स्टडी मैटीरियल ऑनलाइन मिल जाए तो लाभ होगा।
भारत जिस तरह से डिजिटल की ओर बढ़ रहा है उसके लिए जरूरी भी है कि सबकी सामग्री एक जगह आए और छात्रों को लाभ मिले। संसाधनों का पूल बन जाने से एक ही जगह छात्रों को सब कुछ आसान तरीके से मिल जाएगा।
योजना को अमली जामा पहनाने उन्होंने कहा कि संस्थानों से बातचीत पर ही यह निर्भर करेगा। इस पूल सिस्टम में जो भी विश्वविद्यालय या शैक्षणिक संस्थान जुड़ना चाहता है वह जुड़ सकेगा। एसओएल की ओर से भी कुछ सामग्री पूल पर डाली जाएगी।
डीयू में ही आईएलएलएल ई-पाठ्यसामग्री तैयार करता है। यदि यह मैटीरियल पूल सिस्टम पर आ जाएगा तो किसी भी विश्वविद्यालय का छात्र इसका इस्तेमाल कर सकेगा। एसओएल ने इस योजना को अमली जामा पहनाने की दिशा में कदम बढ़ा दिए हैं। संस्थानों से बातचीत का प्रयास किया जा रहा है।