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DU में अब कॉलेज फीस के साथ नहीं देनी होगी परीक्षा फीस
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Mon, 26 Jun 2017 09:50 AM IST
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- फोटो : google
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दिल्ली विश्वविद्यालय में अंडर ग्रेजुएट(स्नातर) स्तर के दाखिले के लिए दाखिले फीस के साथ परीक्षा फीस नहीं देनी होगी। डीयू प्रशासन ने इस बार कॉलेजों को दाखिला फीस के साथ परीक्षा फीस नहीं लिए जाने की सलाह दी है। उल्लेखनीय है कि बीते साल से कॉलेजों में दाखिले फीस के साथ ही परीक्षा फीस लेने की शुरुआत की गई थी।
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डीयू अधिकारियों के अनुसार इस बार कॉलेजों को यह सलाह दी गई है कि वह परीक्षा फीस नहीं लें। ऐसा इसलिए किया जा रहा है क्योंकि हम चाहते हैं कि पहले छात्र दाखिला लेकर स्थिर हो जाए। उसके बाद ही आगे की प्रक्रिया शुरु हो। चूंकि दाखिला प्रक्रिया संपन्न होने के बाद सेमेस्टर परीक्षाएं शुरु होने में काफी समय है लिहाजा परीक्षा फीस बाद में भी ली जा सकती है। वहीं इस बार डीयू ने दाखिला फीस के लिए पूल फीस सिस्टम की शुरुआत की है।
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इस सिस्टम के तहत एक कॉलेज में दाखिला लेकर यदि किसी छात्र ने फीस चुका दी और वह अगली कट ऑफ में दाखिला रद कराकर दूसरे कॉलेज में जाना चाहता है तो उसे कुछ ही राशि का भुगतान करना होगाश मसलन किसी कॉलेज में किसी कोर्स की फीस 5000 हजार है और किसी दूसरे कॉलेज में उस कोर्स की फीस 6000 है तो उसे केवल एक हजार का भुगतान करना होगा। यदि फीस कम है तो फीस वापस कर दी जाएगी।
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ऐसे में दाखिले केसमय परीक्षा फीस लेते हैं तो दाखिला रद कराने पर परीक्षा फीस वापस करने में भी दिक्कत होगी। यह परेशानी इसलिए भी बढ़ेगी क्योंकि अच्छे कॉलेज व कोर्स केलिए छात्र लगातार एक कॉलेज से दाखिला रद कराकर दूसरे कॉलेज में दाखिला लेते रहते हैं। उल्लेखनीय है कि मालूम हो कि पहले यह व्यवस्था थी कि परीक्षा फॉर्म प्रत्येक सेमेस्टर से पहले भरवाए जाते थे और परीक्षा फीस ली जाती थी। परीक्षा फॉर्म भरने के लिए छात्रों को काफी दिन दिए जाते थे लेकिन अंतिम समय तक कई छात्र परीक्षा फॉर्म नहीं भरते।