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डीयू: एनसीवेब की छात्राओं ने सीखे रचनात्मक लेखन के गुर
Mon, 28 Jun 2021 06:54 PM IST
पूजा त्रिपाठी
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Mon, 28 Jun 2021 06:54 PM IST
सार
यह कार्यक्रम ऑनलाइन जूम प्लेटफॉर्म पर आयोजित हुआ। कार्यक्रम में माखन लाल चतुर्वेदी यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो केजी सुरेश बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित थे।
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फाइल फोटो
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विस्तार
दिल्ली विश्वविद्यालय के नॉन कॉलेजिएट वूमेन एजुकेशन बोर्ड(एनसीवेब) ने छात्राओं के कौशलों का विकास करने के लिए रचनात्मक लेखन के गुर सिखाए। इसके लिए एनसीवेब की ओर से हिंदी-अंग्रेजी माध्यम से ऑनलाइन रचनात्मक लेखन की कार्यशाला आयोजित की गई थी। जिसका समापन शनिवार देर शाम हुआ। इस कार्यशाला में हिंदी व अंग्रेजी दोनों माध्यमों के लिए तीन-तीन छात्राओं को पुरस्कार दिए गए व दो-दो छात्राओं को प्रोत्सहान पुरस्कार दिए गए।
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यह कार्यक्रम ऑनलाइन जूम प्लेटफॉर्म पर आयोजित हुआ। कार्यक्रम में माखन लाल चतुर्वेदी यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो केजी सुरेश बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित थे। प्रसिद्ध लेखिका व सामाजिक कार्यकर्ता विशिष्ट अतिथि नयना सहस्त्रबुद्धे, डीन स्टूडेंट वेलफेयर व एनसीवेब चेयरमैन प्रो राजीव गुप्ता, एनसीवेब की निदेशक डॉ गीता भट्ट उपस्थित रही।
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इस मौके पर प्रो केजी सुरेश ने कहा कि व्यक्ति को सदैव अध्ययनशील रहना चाहिए। साथ ही प्रो सुरेश ने कहा कि देश की संस्कृति, सभ्यता व मानव साइकोलॉजी को समझने के लिए अधिक से अधिक लोगों से वार्तालाप व यात्रा करना आवश्यक है। एनसीवेब उपनिदेशक डॉ उमाशंकर ने कहा कि रचनात्मकता का कभी समापन नहीं होता, यह कार्यशाला प्रेरणा स्रोत बनकर हम सभी को प्रोत्साहित करेगी।
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