विज्ञापन

डीयू में अब अनुबंध पर नहीं शिक्षकों की होगी स्थायी नियुक्ति

ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Sun, 04 Jun 2017 09:52 AM IST
डीयू एडमिशन
डीयू एडमिशन
विज्ञापन
ख़बर सुनें
दिल्ली विश्वविद्यालय में अब शिक्षकों की भर्ती अनुबंध के आधार पर नहीं होगी। कॉलेजों में खाली पड़े पदों के लिए बीते दिनों सहायक प्रोफेसरों के पदों के लिए अनुबंध के आधार पर भर्ती करने के लिए विज्ञापन निकाले जा रहे थे। इसपर डीयू रजिस्ट्रार ने कॉलेजों के प्रिंसिपल को पत्र भेजकर कहा है कि वे अपने कॉलेज की ओर से भर्ती के लिए निकाले गए विज्ञापन में परमानेंट शब्द का इस्तेमाल करे ना की अनुबंध का। शिक्षकों ने लंबे समय से कॉलेजों में खाली पड़े पदों पर स्थायी भर्ती का दबाव बना रहे थे।       
विज्ञापन
बताते चले कि डीयू से संबंधित कॉलेजों में लंबे समय से स्थायी नियुक्ति नहीं हो रही है। कॉलेजों में 50-60 फीसदी शिक्षक एडहॉक पर कार्यरत है। इस तरह से कॉलेजों में आज असिस्टेंट प्रोफेसर के करीब 4500 पद खाली पड़े हैं। करीब एक हजार पद विभिन्न विभागों में बीते दस सालों से खाली पड़े है। 

डीयू ने अब इन कॉलेजों को बीते 29 मई तक कॉलेज का रोस्टर पास करवाकर जल्द से जल्द पदों को भरने के लिए कहा था। अभी तक करीब 32 कॉलेज इस संबंध में विज्ञापन निकाल चुके है। सभी कॉलेजों को अब स्थायी पदों पर भर्ती करने का निर्देश मिला है।       

डीयू एकेडमिक काउंसिल के सदस्य प्रो. हंसराज सुमन ने बताया कि डीयू प्रशासन की ओर से कॉलेजों को बीते 2 जून को स्थायी नियुक्ति के लिए पत्र लिखा गया है। इससे शिक्षक वर्ग खुश है। इससे शिक्षकों का भविष्य सुरक्षित है। अभी तक कॉलेज अपने स्तर पर अनुबंध के आधार पर भर्ती का विज्ञापन निकाल रहे थे। मगर अब ऐसा नहीं होगा। 

उन्होंने कहा कि अब वाइस चांसलर को स्थायी नियुक्ति के लिए जल्द से जल्द साक्षात्कार की प्रक्रिया शुरू करानी चाहिए। साथ ही उन कॉलेजों को भी जल्द से जल्द भर्ती शुरू करने के लिए कहा जाए जिन्होंने अभी तक विज्ञापन नहीं निकाला है।      

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला की खबरों को फेसबुक पर पाने के लिए लाइक करें
विज्ञापन

Spotlight

विज्ञापन

Most Read

Shimla

एक ही दिन में दो परीक्षाओं से मुश्किल में अभ्यर्थी

सीडीएस और जूनियर इंजीनियर सिविल की परीक्षा एक ही दिन होने से अभ्यर्थियों में असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है।

15 अक्टूबर 2018

विज्ञापन

Related Videos

#MeToo: सैफ अली खान का भी हुआ उत्पीड़न, किया 25 साल पुराने मामले का खुलासा

 #MeToo कैंपेन के तहत अब सैफ अली खान ने आपबीती सुनाई है। सैफ अली खान ने न सिर्फ इस कैंपेन का सपोर्ट किया है बल्कि 25 साल पहले अपने साथ हुए उत्पीड़न का भी खुलासा किया है। देखिए ये रिपोर्ट।

15 अक्टूबर 2018

आज का मुद्दा
View more polls

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree