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एकेटीयू : वेरिफिकेशन केंद्र बनाने की तैयारी शुरू
ब्यूरो/अमर उजाला, ग्रेटर नोएडा
Updated Wed, 08 Jun 2016 01:43 AM IST
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डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनिवर्सिटी (एकेटीयू) से संबद्ध तकनीकी कॉलेजों में होने वाले दाखिले के लिए वेरिफिकेशन केंद्र बनाने की तैयारियां शुरू हो गई है। विश्वविद्यालय ने कॉलेजों से स्टेट एंट्रेंस एग्जामिनेशन (एसईई) की दाखिला प्रक्रिया में शामिल होने की अपील की है। इसके लिए एकेटीयू ने कॉलेजों से 10 जून तक लॉग इन के माध्यम से आधारभूत संरचना का ब्योरा मांगा है।
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दरअसल, एसईई की प्रवेश परीक्षा में उत्तीर्ण होने वाले अभ्यर्थियों की काउंसलिंग प्रक्रिया 22 जून से शुरू होनी है। छात्रों की सहूलियत के लिए नोएडा-ग्रेटर नोएडा समेत यूपी के अन्य जिलों में डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन सेंटर बनाए जाने है। जहां पर अभ्यर्थियों के प्रमाण पत्रों का सत्यापन कर उन्हें च्वाइस लाकिंग प्रक्रिया में शामिल कराते हुए मनपसंद सीटों पर दाखिला दिया जाएगा।
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इसमेें बी-टेक, बी-फार्मा, बी-आर्क, होटल मैनेजमेंट, एमबीए और एमसीए समेत अन्य तकनीकी कोर्सों की करीब डेढ़ लाख सीटों पर दाखिला दिया जाना है। वेरिफिकेशन सेंटर बनाने के लिए एकेटीयू ने सर्कुलर जारी कर कॉलेजों से उनके शामिल होने को लेकर आवेदन की मांग की है।
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वेरिफिकेशन सेंटर के लिए जरूरी निर्देश
10 से 12 फैकल्टी ऐसे होने चाहिए जो प्रमाण पत्रों का सत्यापन करने और एसईई-2016 के इनफॉरर्मेशन ब्रॉसर के सभी बिंदुओं में निपुण हो।
कम से कम आठ काउंटर होने चाहिए, जिसमें कंप्यूटर, स्कैनर, प्रिंटर और 10 एमबीपीएस की नेट कनेक्टिविटी होनी चाहिए। इस पर 8-10 लोग एक कतार में बैठ सकें।
प्राइमरी बैकअप के लिए यूपीएस और सेकेंड्री बैकअप के लिए जनरेटर की व्यवस्था।
एक हेल्प डेस्क का होना भी जरूरी है। जहां पर छात्रों की काउंसलिंग संबंधी समस्या को दूर किया जा सके, जिसमें कंप्यूटर इंटरनेट कनेक्टिविटी के अलावा टेलीफोन जरूरी है।
सामान्य सुविधा जैसे अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों के लिए वेटिंग हॉल, पीने का पानी और शौचालय की व्यवस्था।