{"_id":"60db06908ebc3e09ca01dfbf","slug":"uttarakhand-news-preparation-to-give-free-books-to-general-and-obc-children-from-ninth-to-12th-class","type":"story","status":"publish","title_hn":"उत्तराखंड: नवीं से 12वीं तक सामान्य और ओबीसी बच्चों को निशुल्क किताबें देने की तैयारी","category":{"title":"Campus","title_hn":"कैंपस ","slug":"campus"}}
उत्तराखंड: नवीं से 12वीं तक सामान्य और ओबीसी बच्चों को निशुल्क किताबें देने की तैयारी
Tue, 29 Jun 2021 05:11 PM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामनगर (नैनीताल)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रामनगर (नैनीताल)
Published by: अलका त्यागी
Updated Tue, 29 Jun 2021 05:11 PM IST
सार
वहीं शिक्षा मंत्री के अनुसार केंद्रीय विद्यालयों की तर्ज पर स्कूलों में रिक्त पदों को भरे जाने के लिए योजना बनाई जा रही है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तराखंड शिक्षा विभाग की ओर से नवीं से 12 तक के सामान्य और ओबीसी बच्चों को निशुल्क किताबें देने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए हर ब्लाक से नामों की सूची मांगी जा रही है।
विज्ञापन
रामनगर में शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय ने बताया कि अब तक अनुसूचित जाति-जनजाति के बच्चों को निशुल्क किताबें दी जाती हैं। अब सामान्य बच्चों को भी नि:शुल्क किताबें देने की तैयारी की जा रही है। मंत्री के अनुसार केंद्रीय विद्यालयों की तर्ज पर स्कूलों में रिक्त पदों को भरे जाने के लिए योजना बनाई जा रही है।
विज्ञापन
यह भी पढ़ें... उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा: अगले 15 दिनों के अंदर जारी हो जाएगा 10वीं और 12वीं का रिजल्ट
विज्ञापन
इसके तहत यदि किसी स्कूल में शिक्षक किन्हीं कारणों से लंबी छुट्टी जाते हैं तो उनकी जगह योग्यता के आधार पर संबंधित का वाक इन इंटरव्यू कर प्रधानाचार्य को नियुक्ति का अधिकार दिया जाएगा। किसी शिक्षक के लंबी छुट्टी में जाने से पढ़ाई प्रभावित न हो सके और उसकी जगह विषय विशेषज्ञ शिक्षक अध्यापन का कार्य कराएंगे। इसके साथ ही बच्चों को पढ़ाने के लिए योग्य लोगों का इंटरव्यू कर सूची तैयार कर ली जाएगी, ताकि जरूरत पड़ने पर उन्हें नियुक्त किया जा सके।
उन्होंने बताया कि 190 अटल आदर्श स्कूलों में अंग्रेजी पढ़ाने के लिए 4950 शिक्षकों ने आवेदन किया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि 15 दिन में मेरिट के आधार पर चयन कर रिजल्ट घोषित करें ताकि स्कूल खुलने से पहले नियुक्ति की जा सके।
मंत्री के अनुसार प्रदेश में 170 से अधिक स्कूलों को सीबीएसई से मान्यता मिल चुकी हैं। हर ब्लॉक में अटल आदर्श स्कूल बनाए गए हैं। इसके अलावा खेल नीति लागू करने पर पूरा जोर है। इस नीति में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में मेडल पाने वाले उम्रदराज खिलाड़ियों को पेंशन देने सहित अन्य प्रावधान किए गए हैं।