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पतंजलि के आचार्यकुलम की प्रवेश प्रक्रिया हुई ऑनलाइन, देशभर में बनाए गए 35 केंद्र 

Thu, 12 Dec 2019 08:54 AM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हरिद्वार Published by: अलका त्यागी Updated Thu, 12 Dec 2019 08:54 AM IST
सार

  • पांच जनवरी है प्रवेश परीक्षा देने की अंतिम तिथि 
     

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Patanjali Acharyakulam Entrance Exam Online Now baba Ramdev inaugurate
आचार्यकुलम - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

हरिद्वार में अब आचार्यकुलम में प्रवेश लेने के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए प्रवेश प्रक्रिया ऑनलाइन कर दी गई है। वेबसाइट के माध्यम से देश-विदेश से कोई भी अभ्यर्थी प्रवेश के लिए पंजीकरण कर सकता है।  वेबसाइट संवाद के लोकार्पण के अवसर पर प्रथम प्रवेशार्थी के रूप में अनुष्का पाल का पंजीकरण भी किया गया।

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प्रवेश परीक्षा के लिए देशभर में 35 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इस दौरान शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय भी मौजूद रहे। बुधवार को योगगुरु स्वामी रामदेव ने संस्थान की डिजिटल प्रवेश प्रक्रिया के लिए तैयार की गई वेबसाइट संवाद का लोकार्पण किया।
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संस्थान की प्रधान समन्वयक वंदना मेहता ने बताया कि आचार्यकुलम की वेबसाइट http://www.acharyakulam.org/ पर दिए गए लिंक के माध्यम से देश-विदेश से कोई भी प्रवेशार्थी अपना पंजीकरण कर सकता है। पंजीकरण करते समय प्रवेशार्थी अपना आधार कार्ड, फोटो व पंजीकरण शुल्क 1200 रुपये के ऑनलाइन भुगतान के लिए एटीएम कार्ड साथ रखें। 

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निकटतम केंद्र का कर सकेते हैं चयन

प्रवेश परीक्षा के लिए देशभर में 35 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। विद्यार्थी अपने निकटतम केंद्र का चयन कर आगामी 5 जनवरी को ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा दे सकते हैं। इस अवसर पर स्वामी रामदेव ने कहा कि आचार्यकुलम विशिष्ट शिक्षण संस्थान है।

जहां भौतिकता व विज्ञान के आलोक को आध्यात्मिकता से अमृतोपम बनाया जाता है व तकनीकी का विश्वकल्याण हेतु पवित्र साधन के रूप में प्रयोग किया जाता है। मुख्य अतिथि उत्तराखंड सरकार के शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय ने कहा कि विनम्रता सर्वोच्च योग्यता है।

शिष्य अपनी विनम्र भावना से स्वयं को आचार्य के सर्वश्रेष्ठ ज्ञान का सत्पात्र सिद्ध कर सकता है। समारोह में आचार्यकुलम शिक्षण संस्थान के प्राचार्य कैलाशचंद्र पांडेय, डॉ. ऋतंभरा शास्त्री मौजूद रहे। भारतीय शिक्षा बोर्ड के महासचिव व आचार्यकुलम शिक्षण संस्थान के पूर्व निदेशक एलआर सैनी को स्वामी विवेकानंद की कांस्य प्रतिमा भेंटकर सम्मान किया।

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