सीबीएसई ने नियम में किया बदलाव, अब परीक्षा में घड़ी पहनकर जा सकेंगे छात्र
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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की 10वीं और 12वीं परीक्षाओं में घड़ी (एनालॉग वॉच) पहनने की छूट दे दी है। परीक्षा के दौरान सोमवार को सीबीएसई ने कई नियमों में छूट के निर्देश जारी किए हैं। सभी परीक्षा केंद्रों को परीक्षाएं छात्रों के लिए सुविधाजनक बनाने को कहा गया है।
सीबीएसई ने इस साल बोर्ड परीक्षाओं में एनालॉग घड़ी, डिजिटल घड़ी, पानी की बोतल आदि परीक्षा केंद्र में ले जाने पर प्रतिबंध लगाया था। इससे छात्रों को परीक्षा में शेष समय का भी पता नहीं चल पा रहा था।
कई परीक्षा केंद्रों पर छात्रों के जूते-मौजे उतरवाने की भी शिकायत आई थी। बोर्ड ने इन शिकायतों का गंभीरता से संज्ञान लिया है। बोर्ड के परीक्षा नियंत्रक डॉ. संयम भारद्वाज ने नए निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत अब छात्र एनालॉग वॉच पहनकर परीक्षा दे सकते हैं।
हालांकि डिजिटल वॉच ले जाने पर प्रतिबंध रहेगा। छात्र पारदर्शी दिखने वाली पानी की बोतल भी लेकर परीक्षा केंद्र में जा सकते हैं। किसी भी परीक्षा केंद्र पर जब तक जरूरी न लगे, किसी छात्र के जूते नहीं उतरवा सकते।
सीबीएसई देहरादून के क्षेत्रीय अधिकारी रणबीर सिंह का कहना है कि नियम केवल बेहतर परीक्षा के लिए बनाए हैं। छात्रों की असुविधा के लिए नहीं। उन्होंने क्षेत्रीय कार्यालय के अधीन आने वाले सभी परीक्षा केंद्रों को नई एडवाइजरी भेज दी है।
मूल्यांकन में केवल उपस्थित छात्रों की उत्तर पुस्तिका भेजें
देशभर में कई परीक्षा केंद्रों की ओर से उपस्थित छात्रों के साथ ही अनुपस्थित छात्रों की खाली उत्तर पुस्तिका भी बोर्ड को भेजी जा रही है। बोर्ड ने साफ कर दिया है कि केवल उन्हीं छात्रों की उत्तर पुस्तिका मूल्यांकन केंद्र को भेजें, जिन्होंने परीक्षा दी है। इसी प्रकार, केंद्रों को निर्देश दिए हैं कि वह दिव्यांग छात्रों की उत्तर पुस्तिकाओं को अलग पार्सल से भेजें।