यूटीयू दीक्षांत समारोह: डिग्री, मेडल मिलते ही खिल उठे चेहरे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय का पांचवां दीक्षांत समारोह छात्रों के चेहरे पर खुशी लेकर आया। समारोह में 34289 छात्रों को डिग्री दी गई। इसके अलावा 412 होनहार छात्रों को मेडल से नवाजा गया। दीक्षांत समारोह में राज्यपाल और विवि के कुलाधिपति डॉ. केके पाल ने मुख्य अतिथि की भूमिका निभाई।
शनिवार को तकनीकी विवि के सुद्धोवाला स्थित परिसर में पांचवां दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया। समारोह में विवि के संबद्ध कॉलेजों के छात्रों ने भी शिरकत की। शुभारंभ विवि के कुलाधिपति डॉ. केके पाल, तकनीकी शिक्षा मंत्री यशपाल आर्य, तकनीकी शिक्षा सचिव ओमप्रकाश, विवि के कुलपति प्रो. पीके गर्ग और एनआईसी के पूर्व निदेशक डॉ. बीके गैरोला ने संयुक्त रूप से दीप जलाकर किया। सबसे पहले 122 छात्रों को पीएचडी अवार्ड दिया गया।
इसके बाद मेडल विजेताओं को मेडल प्रदान किए गए। एमटेक और एमफार्मा में 8811, बीटेक, बीफार्मा और बीएचएमसीटी के 25,356, और बी आर्क के 17 छात्रों को डिग्री दी गई। दीक्षांत समारोह में 141 छात्रों को गोल्ड, 136 छात्रों को सिल्वर और 135 छात्रों को ब्रांज मेडल दिए गए।
एनआईसी के पूर्व डीजी डॉ. बीके गैरोला ने छात्रों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि अब जब वे इंडस्ट्री में जाएंगे तो पता चलेगा कि उन्होंने जो पढ़ा है, उसका व्यवहारिक पहलू इससे कुछ आगे का है। उन्हें हर पल नया सीखने को मिलेगा।
तकनीकी विवि इस ओर तेजी से कदम बढ़ा रहा है। तकनीकी शिक्षा मंत्री यशपाल आर्य ने कहा कि आज के दौर में उद्योगों में काबिल लोगों की जरूरत है। तकनीकी विवि इसमें भरपूर सहयोग कर रहा है। सरकार भी इसमें साथ खड़ी हुई है।
रोजगार तलाशने वाले नहीं, देने वाले बनें : राज्यपाल
दीक्षांत समारोह में राज्यपाल एवं विवि के कुलाधिपति डॉ. केके पाल ने कहा कि छात्रों को ऐसा बनना होगा कि वह रोजगार की तलाश में न भटकें, बल्कि रोजगार देने वाले बनें।
राज्यपाल ने शिक्षण संस्थानों और औद्योगिक संस्थानों के बीच बेहतर तालमेल को आवश्यक बताते हुए कहा कि इससे तकनीकी स्नातकों के रोजगार की स्थिति में अपेक्षित सुधार होगा। पाठ्यक्रमों में उत्तराखंड से संबंधित ऐसे विषयों को सम्मिलित करना चाहिए, जो भारी वर्षा वाले क्षेत्रों में सड़क निर्माण तथा भूस्खलन आदि जैसे विशिष्ट समस्याओं से जुड़े हों।
उत्तराखंड के परिप्रेक्ष्य में विवि की भूमिका पर कहा कि विश्वविद्यालयों का लक्ष्य हो कि वे पहाड़ी राज्य के लिए प्रासंगिक ज्ञान को अपने कोर्सेज में इस तरह शामिल करें कि प्राकृतिक आपदाओं से बचाव, पर्वतीय कृषि, ऊर्जा का दोहन, जैविक संसाधनों, जड़ी-बूटी आधारित औषधियों तथा बुनियादी ढांचे के विकास में प्रभावी रूप से उपयोगी हो।
कई सत्रों के छात्रों को दिए गए मेडल
तकनीकी विवि का चौथा दीक्षांत समारोह वर्ष 2012 में हुआ था। इसके बाद समारोह नहीं हो पाया था। लिहाजा इस बार हुए समारोह में वर्ष 2011-12, 2012-13, 2013-14, 2014-15 और 2015-16 के छात्रों को डिग्री और मेडल दिए गए।
इन्हें मिले गोल्ड मेडल
2011-12 में नितिन अरोड़ा, अरुण कुमार, दिशा तिवारी, 2012-13 में दिव्या महर, अंकित, गीता डसीला, गर्विता पांडे, पूनम, पूजा पंत, बुशरा अंसारी, सौरभ त्यागी, अशोक सिंह रावत, विशाल सैनी, रिचा कपूर, प्रदीप गंगवार, शिविका पाराशर, अभिषेक मित्तल, मुकेश कुमार, पूनम, अपर्णा शर्मा, शिवांगी, खुशबू मित्तल, ऋतु शर्मा, मनीषा, अलकनंदा, शिखा, योगेश, भुपेश, हर्षप्रीत, पूजा गुप्ता, मेघा अरोड़ा और इशिता सिंह को गोल्ड मेडल दिया गया। 2013-14 में विवेक तड़ियाल, कृष्णा, प्रीति, विदुषी, श्वेता नेगी, शुभांगी पंत, चैतन्य कुमार, निधि भट्ट, अमित शर्मा, दीपक, सोनी सिन्हा, अंकित कुमार, सौरभ जैन, आयुष, मुकुल आहूजा, राहुल कुमार, अंजली पंत, अतुल भट्ट, मेघना सिंह अभिजीत, स्वाती सिंह, दीपिका साह, आरती शर्मा, मनोज चंद्र, सूची जैन, नेहा गुप्ता, मनोज जोशी, अमृतांश गुप्ता, प्रशांत रतूड़ी, तेज राज, दीपा सैनी, आकांक्षा, विवेक को गोल्ड मेडल दिया गया। सत्र 2014-15 में प्रविष्ठा जैन, आकाश अरोड़ा, धीरज भट्ट, नेहा पंत, दीपक उप्रेती, अंकुर तिवारी, अपेक्षा अग्रवाल, विशाल कुशवाहा, निधि बंसल, स्वास्ति भगत, दीपना मेहता, मनकिरन कौर, पल्लवित, गगनदीप, इंद्रजीत कुमार, रजत कपित, रूबी जायसवाल, सुमन, वरुण शर्मा, ईशा वत्स, कमल किशोर, मीनाक्षी मेहरा, कल्पना जोशी, आरती नेगी, निशा देवी, रीता मेहता, आकांक्षा, दीक्षा शर्मा, सुप्रिया रानी, आकांक्षा शर्मा, अर्चना रानी अग्रवाल, किशन सिंह, जयबीर चंद, लोकेश चंद्र जोशी, सुनीता यादव, गुंजन नेगी, इशि महेश्वरी, सौम्या सक्सेना को गोल्ड मेडल दिए गए। सत्र 2015-16 में स्वाती शर्मा, अमन प्रताप, प्रेरणा, सचिन कुमार, शुभम, दीपक बहुगुणा, शिवानी शर्मा, लोकेश पंत, आंचल शर्मा, मोहिनी, शिवम शर्मा, अनुष्का गोयल, दामिनी मेहरा, रंजन गुप्ता, शिखा जोशी, अनिंदिता, कनिका पटवाल, मीनाक्षी त्यागी, अंकित कुमार, अंजली पंत, रूबी यादव, निधि चौधरी, अमनदीप कौर, मीनाक्षी, नेवल किशोर, प्रियंका गर्ग, प्रियंका, शिवानी, प्रियंका रानी, प्रियंका सिंह, कंचन, अमित तोमर, जया बोहरा, विश्वास प्रकाश, अभिषेक बोरा, सोनल टुटेजा, श्वेता सिंह और सौरभ सिंह बिष्ट को गोल्ड मेडल से नवाजा गया। इनमें से काफी संख्या में छात्र अनुपस्थित भी रहे।