इस यूनिवर्सिटी से कर रहे हैं कोर्स तो सावधान, यूजीसी ने विवि को नहीं दी ये 75 कोर्स चलाने की मान्यता
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इस विश्वविद्यालय को यूजीसी ने बड़ा झटका दिया है। यूजीसी ने इसके 75 कोर्स को मान्यता देने से मना कर दिया।
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने यूओयू को बीएससी, एमएससी, बीकॉम, एमएसडब्लू, होटल मैनेजमेंट समेत 75 पाठ्यक्रमों को नए सत्र में चलाने की मान्यता नहीं दी है।
ऐसे में नए शिक्षा सत्र में यूओयू में इन पाठ्यक्रमों में दाखिले नहीं हो सकेंगे। यूजीसी ने केवल बीए, एमए शिक्षा शास्त्र, बीसीए, बीबीए और बीएड पाठ्यक्रमों को चलाने की अनुमति दी है। इसके अलावा, उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय में बीए, बीकॉम, बीएससी, एमए, एमकॉम और एमएससी में द्वितीय एवं तृतीय वर्ष में प्रवेश होंगे।
केवल पांच पाठ्यक्रमों को चलाने की अनुमति मिली
शुक्रवार को उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय को सूचना मिली कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने पाठ्यक्रम चलाने के लिए अनुमति अपनी वेबसाइट पर जारी कर दी है।
जब कुलसचिव प्रो. आरसी मिश्रा और परीक्षा नियंत्रक प्रो. पीडी पंत समेत कई अधिकारियों ने यूजीसी की वेबसाइट से यूओयू को जारी अनुमति आदेश पत्र को खोलकर पढ़ा तो सभी के चेहरे का रंग उड़ गया।
पता लगा कि यूजीसी ने यूओयू हल्द्वानी को केवल पांच पाठ्यक्रमों बीए, एमए शिक्षा शास्त्र, बीसीए, बीबीए और बीएड को चलाने की अनुमति दी है। यूजीसी ने विवि को विज्ञान, कॉमर्स संकाय से जुड़े कोर्सों समेत 75 से अधिक पाठ्यक्रमों को चलाने की अनुमति नहीं दी है।
यूजीसी को प्रत्यावेदन भेजेगा यूओयू
इन प्रमुख पाठ्यक्रमों को नहीं मिली अनुमति
बीएससी, एमएससी, बीकॉम, एमकॉम, एमएसडब्लू, होटल मैनेजमेंट, एमबीए, एमए पत्रकारिता, पर्यटन, योगा, एमए के हिंदी समेत विभिन्न विषय, ज्योतिष आदि शामिल हैं।
यूओयू में वर्तमान में 68 हजार विद्यार्थी अध्ययनरत हैं। यूजीसी से पांच पाठ्यक्रम चलाने की अनुमति तो मिली मगर अभी उनमें प्रवेश शुरू नहीं कर सकते हैं। यूजीसी ही तय करेगा यूओयू के स्टडी सेंटर, जहां होंगे प्रवेश।