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श्रीनगर मेडिकल कॉलेज के MBBS छात्रों का रिजल्ट रोका
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
Updated Fri, 19 Aug 2016 01:13 AM IST
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srinagar medical college
- फोटो : AmarUjala
राजकीय मेडिकल कॉलेज, श्रीनगर के करीब 250 एमबीबीएस छात्रों का परिणाम उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय ने रोक दिया है। विवि को यह परिणाम करीब एक सप्ताह पहले जारी करना था। विवि प्रशासन का कहना है कि छात्रों का पूरा शुल्क जमा नहीं कराया गया है, जबकि कॉलेज प्रशासन का कहना है कि पहले से ही विवि के पास उनका पैसा रुका हुआ है। फिलहाल छात्र रिजल्ट का इंतजार कर रहे हैं।
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एचएनबी मेडिकल विवि के अस्तित्व में आने से पहले राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर की संबद्धता उत्तराखंड तकनीकी विश्वविद्यालय से थी। मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. सीएमएस रावत ने बताया कि उनके 2008, 2009 और 2010 बैच के छात्रों ने तकनीकी विवि से ही परीक्षा दी है।
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- फोटो : demo pic
विवि ने पहले निर्देश दिए थे कि प्रति छात्र 4000 रुपये जमा कराए जाएं लेकिन अब विवि कह रहा है कि 4800 रुपये जमा कराए जाने हैं। इस आधार पर तकनीकी विवि ने छात्रों का रिजल्ट जारी नहीं किया गया है।
उन्होंने बताया कि उनके वित्त अधिकारी भी विवि प्रशासन से वार्ता कर चुके हैं। पहले से ही कॉलेज का इंटरनल व एक्ट्रनल एग्जाम का करीब 12 लाख और अन्य मदों में करीब तीन लाख 66 हजार रुपया विवि के पास पड़ा हुआ है। विवि और मेडिकल कॉलेज, दोनों ही सरकारी संस्थाएं हैं। ऐसे में विवि को छात्र हित को देखते हुए तुरंत उनका परिणाम जारी करना चाहिए।
इस मामले में तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय जुयाल ने बताया कि राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर पर फीस के करीब साढ़े तीन लाख रुपये बकाया हैं, इसीलिए रिजल्ट रोका गया है।
उन्होंने बताया कि उनके वित्त अधिकारी भी विवि प्रशासन से वार्ता कर चुके हैं। पहले से ही कॉलेज का इंटरनल व एक्ट्रनल एग्जाम का करीब 12 लाख और अन्य मदों में करीब तीन लाख 66 हजार रुपया विवि के पास पड़ा हुआ है। विवि और मेडिकल कॉलेज, दोनों ही सरकारी संस्थाएं हैं। ऐसे में विवि को छात्र हित को देखते हुए तुरंत उनका परिणाम जारी करना चाहिए।
इस मामले में तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. विजय जुयाल ने बताया कि राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर पर फीस के करीब साढ़े तीन लाख रुपये बकाया हैं, इसीलिए रिजल्ट रोका गया है।