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NEET 2018: काउंसिलिंग में अगर छात्रों ने किया ऐसा, तो अब भरना पड़ेगा हजारों का जुर्माना

Wed, 06 Jun 2018 04:39 PM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून Updated Wed, 06 Jun 2018 04:39 PM IST
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Penalty for reject mbbs seat in Neet 2018 counseling
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सीबीएसई नीट की काउंसिलिंग में अगर इस बार छात्रों ने ऐसा कि तो उन्हें भारी जुर्माना देना पड़ सकता है। प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में नीट काउंसिलिंग के दो चरण के बाद इस साल से सीट छोड़ने पर जुर्माना लगेगा। केंद्र सरकार के नए नियमों के तहत यह प्रावधान किए गए हैं।

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यह नियम अखिल भारतीय स्तर की काउंसिलिंग के अलावा राज्यों की काउंसिलिंग पर भी लागू होगा। मेडिकल विवि जुलाई में प्रथम चरण की नीट काउंसिलिंग की तैयारी में जुट गया है।
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प्रदेश में इस साल एमबीबीएस की 600 और बीडीएस की 200 सीटों के लिए नीट की काउंसिलिंग होगी।

 

Penalty for reject mbbs seat in Neet 2018 counseling
डेमो - फोटो : डेमो

हर साल तमाम छात्र-छात्राएं सीट मिलने के बावजूद दूसरे चरण के अंत तक सीट छोड़ देते थे। इस साल केंद्र सरकार ने इसका नियम लागू कर दिया है।

एचएनबी मेडिकल विवि के कुलसचिव प्रो. विजय जुयाल ने बताया कि केंद्र के यह नियम इस साल से राज्य में भी लागू होंगे। इसके तहत अगर कोई छात्र दो चरण के बाद किसी प्राइवेट कॉलेज में राज्य या ऑल इंडिया कोटे की सीट छोड़ता है तो उसे एक लाख रुपये जुर्माना देना होगा।

अगर छात्र किसी सरकारी मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की सीट छोड़ता है तो उसे दस हजार रुपये जुर्माना देना होगा।

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