यहां थम नहीं रहा गुलदार का आतंक

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पौड़ी/ब्यूरो Published by: Updated Thu, 11 Jul 2013 10:36 AM IST
terror of Guldar not stopped

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जिले के एकेश्वर ब्लाक में लोगों को गुलदार के आतंक से छुटकारा नहीं मिल पा रहा है। इस ब्लाक में 15 महीने में गुलदार छह लोगों को निवाला बना चुका है। गुलदार के आतंक पर नियंत्रण के वन विभाग के प्रयास भी सफल नहीं हो पा रहे हैं।
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गढ़वाल वन प्रभाग के दमदेवल में पड़ने वाले एकेश्वर ब्लाक में गुलदार का आतंक काफी समय से छाया हुआ है। हर दूसरे या तीसरे माह में यहां गुलदार किसी न किसी को अपना निशाना बना रहा है। इस ब्लाक में मई 2012 से अब तक 15 महीनों में गुलदार आठ लोगों को निवाला बना चुका है, जिसमें दो बच्चे, तीन महिलाएं और एक पुरूष शामिल हैं।

लोगों में दहशत

क्षेत्र में एक गुलदार को कुछ लोगों ने मार दिया जबकि दो गुलदार वन विभाग के पिंजरे में कैद हो चुके हैं। इन सबके बाद भी गुलदार का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा। लोगों में दहशत बढ़ती जा रही है।

एकेश्वर ब्लाक के ग्राम प्रधान संगठन के अध्यक्ष द्वारिका प्रसाद डंडरियाल ने बताया कि ब्लाक में हर तीसरे माह इस तरह की घटना हो जा रही है, जो चिंता का विषय है। वन विभाग को इस समस्या से निजात दिलाने को ठोस कार्रवाई करनी चाहिए।

एकेश्वर ब्लाक में गुलदार ने इनको बनाया निवाला

- मई 2012 में नौखंडी में एक बालक को
- जुलाई 2012 में तूनाखाल में ग्रेन डीलर
- 15 मार्च 2013 में पलौटा में 76 वर्षीय वृद्धा को
- 31 मार्च 2013 में बरसू गांव की महिला
- 4 अप्रैल 2013 में बिंजोली गांव में बालिका को मारा
- 8 जुलाई 2013 को मनकोट में 70 वर्षीय वृद्धा को निवाला बनाया

वन विभाग ने मनकोट में लगाया पिंजरा

वन विभाग ने एकेश्वर ब्लाक के मनकोट गांव में पिंजरा लगा दिया है। गांव में सोमवार की रात को एक वृद्धा को गुलदार ने निवाला बना लिया था। गढ़वाल वन प्रभाग के डीएफओ राजमणि पांडे ने बताया कि गांव में पिंजरा लगाने के साथ विभाग की टीम भी मौके पर तैनात कर दी गई है।

कुछ फंसे कुछ नहीं

एकेश्वर ब्लाक में गुलदारों की संख्या काफी है। जंगल काफी कम है, जिससे वे भोजन की तलाश में आबादी की ओर आ जा रहे हैं। मार्च और अप्रैल माह में क्षेत्र में हुई घटनाओं पर कई दिन तक वहां शिकारी तैनात किए गए फिर भी एक भी गुलदार शिकारियों के हत्थे नहीं चढ़ा। इस बीच वन विभाग की ओर से लगाए गए पिंजरे में दो गुलदार जरूर फंसे।
- राजमणि पांडे डीएफओ गढ़वाल वन प्रभाग पौड़ी

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