तेंदुलकर के 200* और गेल के 215 की 6 समानताएं, चौंक जाएंगे आप!
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आज से 4 साल पहले तक वनडे क्रिकेट में किसी भी बल्लेबाज ने दोहरा शतक जड़ने कारनामा नहीं किया था, लेकिन 2010 में सचिन तेंदुलकर ने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ नाबाद 200 रन बनाकर दोहरे शतक की शुरूआत कर दी। तब से लेकर आज तक 5 दोहरे शतक लग चुके हैं। पिछले साल नवंबर से लेकर अब तक 2 दोहरे शतक लगे। भारतीय बल्लेबाज रोहित शर्मा तो दो बार दोहरा शतक ठोंक चुके हैं और उनके नाम वनडे में 264 रनों कीसबसे बड़ी पारी खेलने का वर्ल्ड रिकॉर्ड दर्ज है।
2010 में सचिन के दोहरे शतक के बाद वीरेंद्र सहवाग, रोहित शर्मा और अब क्रिस गेल भी इस उपलब्धि को हासिल करने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। गेल दोहरा शतक लगाने वाले दुनिया के पहले गैर-भारतीय बल्लेबाज भी बन गए हैं। उनसे पहले सभी चारों दोहरे शतक भारतीय बल्लेबाजों के बल्ले से निकले हैं।
विस्फोटक बल्लेबाज क्रिस गेल ने आज कैनबरा में जिम्बाब्वे के खिलाफ 215 रनों की पारी खेल डाली जो वर्ल्ड कप में पहला दोहरा शतक भी है। उन्होंने महज 138 गेंदों में सबसे तेज दोहरा शतक लगाने का कारनामा कर दिखाया।
लेकिन क्या आप जानते है कि तेंदुलकर के नाबाद 200 रन और क्रिस गेल की 215 रनों की पारी में 6 दुर्लभ समानताएं भी है, जिन्हें पढ़कर आप भी हैरान हो जाएंगे!
दोनों की पारियों में 6 दुर्लभ समानताएं
आपको यह जानकर बेहद हैरानी होगी कि मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर (नाबाद200) और कैरेबियाई टीम के विस्फोटक बल्लेबाज क्रिस गेल (215) की ऐतिहासिक पारियों के बीच पूरे 4 साल का अंतर है लेकिन इन दोनों ही पारियों में 6 गजब की समानताएं दिखेंगी।
पहली समानता यही कि दोनों दोहरे शतक एक ही दिन यानी 24 फरवरी को लगे थे। तेंदुलकर ने ग्वालियर में आज से 4 साल पहले 2010 में नाबाद 200 रनों की पारी खेली थी, उनकी इस महान पारी के ठीक 4 साल बाद क्रिस गेल ने भी इसी दिन 215 रन बनाकर इतिहास बुक में अपना लिखा लिया।
अब बात दूसरी समानाता की, सचिन तेंदुलकर और क्रिस गेल दोनों अपनी-अपनी टीम की पारी की शुरुआत करने क्रीज पर आए और दोनों ही नॉन-स्ट्राइकर एंड पर खड़े थे।
तीसरी समानता, दोनों के बल्ले से उस समय दोहरे शतक निकले जब टीम अपनी खराब शुरुआत से जूझ रही थीं। भारत ने तब पहला विकेट 25 रन पर वीरेंद्र सहवाग का गवां दिया था जबकि गेल की कैरेबियाई टीम ने पहले ही ओवर में खाता खुले बगैर ही ड्वेन स्मिथ का विकेट खो दिया। शुरुआती झटकों के बाद तेंदुलकर ने दिनेश कार्तिक के साथ तो गेल ने मार्लोन सैमुअल्स के साथ बड़ी शतकीय साझेदारियां की। इन दोनों ही जोड़ियों ने 190 से ज्यादा की साझेदारी कर अपनी-अपनी टीमों का स्कोर साढ़े तीन सौ के पार पहुंचाया। भारतीय जोड़ी ने दूसरे विकेट के लिए 194 रनों की साझेदारी की जबकि गेल और सैमुअल्स के बीच 372 रनों की साझेदारी हुई।
इन दोनों महान पारियों में चौथी समानता यह है कि दोनों बल्लेबाजों ने दोहरा शतक किसी न किसी अफ्रीकी देश के खिलाफ लगाए हैं। तेंदुलकर ने यह पारी दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेली तो गेल ने उसके पड़ोसी देश जिम्बाब्वे के खिलाफ ऐतिहासिक पारी खेल डाली।
पांचवीं समानता, दोहरा शतक लगाने वाले दोनों बल्लेबाज अपनी-अपनी टीम की पारी की शुरुआत करने क्रीज पर आए और पूरे 50 ओवर तक क्रीज पर डटे रहे। तेंदुलकर ने 50वें ओवर में दोहरा शतक लगाने का कारनामा किया, जबकि गेल ने बहुत पहले ही दोहरा शतक जमा दिया था लेकिन पारी की अंतिम गेंद पर वह कैच आउट हो गए।
पांचवीं और अतिंम समानता यह है कि दोनों विपक्षी टीमें 45 ओवरों से पहले ही ऑल आउट हो गई थी। 2010 में सचिन की ऐतिहासिक पारी के बाद खेलने उतरी दक्षिण अफ्रीकी टीम 42.5 ओवरों में ऑल आउट हो गई थी, वहीं क्रिस गेल के 215 रनों की धुआंधार पारी के बाद जिम्बाव्बे की टीम 44.3 ओवर में ऑल आउट हो गई।