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BCCI: आयु निर्धारण के लिए बीसीसीआई ने उठाया बड़ा कदम, जूनियर स्तर पर खिलाड़ियों का कराया जाएगा बोन टेस्ट
Mon, 16 Jun 2025 10:47 PM IST
शोभित चतुर्वेदी
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शोभित चतुर्वेदी
Updated Mon, 16 Jun 2025 10:47 PM IST
सार
नियम में बदलाव के साथ हालांकि अंडर 16 लड़कों की श्रेणी में किसी क्रिकेटर को अगले सत्र में उसी आयु वर्ग में खेलने की अपनी पात्रता निर्धारित करने के लिए दूसरे अस्थि परीक्षण से गुजरना होगा।
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बीसीसीआई लोगो।
- फोटो : bcci.tv
विस्तार
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने बड़ा फैसला लेते हुए जूनियर स्तर पर खिलाड़ियों का बोन टेस्ट (अस्थि परीक्षण) कराने का फैसला लिया है। बोर्ड ने यह निर्णय इसलिए लिया है जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई खिलाड़ी अतिरिक्त सत्र खेलने से वंचित नहीं रह जाए।
मौजूदा मानदंडों के अनुसार खिलाड़ी टीडब्ल्यू3 विधि के माध्यम से आयु निर्धारण के लिए बोन टेस्ट से गुजरता है। इसमें उसके उम्र का आकलन बोन टेस्ट की उम्र में एक जोड़कर किया जाता है। नियम में बदलाव के साथ हालांकि अंडर 16 लड़कों की श्रेणी में किसी क्रिकेटर को अगले सत्र में उसी आयु वर्ग में खेलने की अपनी पात्रता निर्धारित करने के लिए दूसरे अस्थि परीक्षण से गुजरना होगा।
बीसीसीआई के एक सूत्र ने न्यूज एजेंसी पीटीआई के हवाले से कहा, ऐसा सटीक उम्र जानने के साथ यह सुनिश्चित करने के लिए किया जा रहा है कि कोई भी खिलाड़ी वैज्ञानिक गणना के बजाय गणितीय गणना के कारण खेलने से ना चूके।
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मौजूदा मानदंडों के अनुसार खिलाड़ी टीडब्ल्यू3 विधि के माध्यम से आयु निर्धारण के लिए बोन टेस्ट से गुजरता है। इसमें उसके उम्र का आकलन बोन टेस्ट की उम्र में एक जोड़कर किया जाता है। नियम में बदलाव के साथ हालांकि अंडर 16 लड़कों की श्रेणी में किसी क्रिकेटर को अगले सत्र में उसी आयु वर्ग में खेलने की अपनी पात्रता निर्धारित करने के लिए दूसरे अस्थि परीक्षण से गुजरना होगा।
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बीसीसीआई के एक सूत्र ने न्यूज एजेंसी पीटीआई के हवाले से कहा, ऐसा सटीक उम्र जानने के साथ यह सुनिश्चित करने के लिए किया जा रहा है कि कोई भी खिलाड़ी वैज्ञानिक गणना के बजाय गणितीय गणना के कारण खेलने से ना चूके।
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