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अवैध हथियारों की फैक्टरी का भंडाफोड़, जखीरा बरामद
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अवैध हथियारों की फैक्टरी का भंडाफोड़, जखीरा बरामद
खुर्जा। देहात थाना क्षेत्र के गांव धराऊं पुलिस चौकी से कुछ दूरी पर पुलिस ने अवैध हथियारों की फैक्टरी का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से चार लोगों को पकड़ा है। वहीं फैक्टरी में बन रहे हथियारों का जखीरा तथा उपकरण बरामद किए हैं। पकड़े गए दो आरोपियों के खिलाफ पूर्व में भी शस्त्र अधिनियम के तहत मुकदमे दर्ज हैं और वह जेल भी जा चुके हैं। पेरोल पर छूटने के बाद फिर से उसी धंधे में लग गए थे।
एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि खुर्जा देहात थाना पुलिस को सूचना मिली कि धराऊं चौकी से कुछ दूरी पर बंद पड़े भट्ठे की फैक्टरी में अवैध रूप से हथियार बनाने का काम चल रहा है। सूचना के आधार पर थाना प्रभारी नीरज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई, जहां भट्टे की एक कोठरी में फैक्टरी थी। पुलिस ने घेराबंदी कर चार लोगों को पकड़ लिया। फैक्टरी में तलाशी लेने पर पुलिस ने दो पिस्टल, 11 तमंचे, दो आधे बने तमंचे और तीन कारतूस बरामद किए। वहीं, पुलिस ने अवैध हथियार बनाने के लिए प्रयोग किए जाने वाले रेती, बर्मा, आरी, हथौड़ी, संडासी, पेचकस, छैनी, प्लास, लोहे की एंगल, पेट्रोमेक्स आदि उपकरण भी अपने कब्जे में ले लिया। पकड़े गए बदमाशों की पहचान देहात थाना क्षेत्र के गांव फराना निवासी जमीलुद्दीन उर्फ इमरान, खुर्जा नगर के मोहल्ला खीरखानी निवासी हसमुद्दीन, गांव मूड़ाखेड़ा निवासी प्रेम सिंह और गौतमबुद्धनगर के दादरी निवासी फिरोज के रूप में की गई। एसएसपी ने कहा कि अवैध हथियारों की फैक्टरी पकड़ने वाली टीम को 25 हजार रुपये की राशि से पुरस्कृत किया गया है।
जेल से छूटने के बाद फिर से लग गए धंधे में
जमीलुद्दीन उर्फ इमरान और प्रेम सिंह के खिलाफ पूर्व में पकड़ी गई अवैध रूप से हथियारों की फैक्टरी के मामले में नगर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज है। दोनों जेल जा चुके हैं। देहात थाना प्रभारी ने बताया कि पेरोल पर जेल से छूटने के बाद दोनों फिर से इसी अवैध कारोबार में लग गए थे। पकड़े गए सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
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हथियार बनाकर अपराधियों को करते थे सप्लाई
एसएसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपी हथियार बनाकर आपराधिक प्रवित्ति वाले लोगों को बेचते थे। पिस्टल करीब दस से 15 हजार में बेचते थे। जैसा ग्राहक मिल जाता था उस हिसाब से वह तमंचा बेचते थे।
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खुर्जा। देहात थाना क्षेत्र के गांव धराऊं पुलिस चौकी से कुछ दूरी पर पुलिस ने अवैध हथियारों की फैक्टरी का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से चार लोगों को पकड़ा है। वहीं फैक्टरी में बन रहे हथियारों का जखीरा तथा उपकरण बरामद किए हैं। पकड़े गए दो आरोपियों के खिलाफ पूर्व में भी शस्त्र अधिनियम के तहत मुकदमे दर्ज हैं और वह जेल भी जा चुके हैं। पेरोल पर छूटने के बाद फिर से उसी धंधे में लग गए थे।
एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि खुर्जा देहात थाना पुलिस को सूचना मिली कि धराऊं चौकी से कुछ दूरी पर बंद पड़े भट्ठे की फैक्टरी में अवैध रूप से हथियार बनाने का काम चल रहा है। सूचना के आधार पर थाना प्रभारी नीरज कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई, जहां भट्टे की एक कोठरी में फैक्टरी थी। पुलिस ने घेराबंदी कर चार लोगों को पकड़ लिया। फैक्टरी में तलाशी लेने पर पुलिस ने दो पिस्टल, 11 तमंचे, दो आधे बने तमंचे और तीन कारतूस बरामद किए। वहीं, पुलिस ने अवैध हथियार बनाने के लिए प्रयोग किए जाने वाले रेती, बर्मा, आरी, हथौड़ी, संडासी, पेचकस, छैनी, प्लास, लोहे की एंगल, पेट्रोमेक्स आदि उपकरण भी अपने कब्जे में ले लिया। पकड़े गए बदमाशों की पहचान देहात थाना क्षेत्र के गांव फराना निवासी जमीलुद्दीन उर्फ इमरान, खुर्जा नगर के मोहल्ला खीरखानी निवासी हसमुद्दीन, गांव मूड़ाखेड़ा निवासी प्रेम सिंह और गौतमबुद्धनगर के दादरी निवासी फिरोज के रूप में की गई। एसएसपी ने कहा कि अवैध हथियारों की फैक्टरी पकड़ने वाली टीम को 25 हजार रुपये की राशि से पुरस्कृत किया गया है।
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जेल से छूटने के बाद फिर से लग गए धंधे में
जमीलुद्दीन उर्फ इमरान और प्रेम सिंह के खिलाफ पूर्व में पकड़ी गई अवैध रूप से हथियारों की फैक्टरी के मामले में नगर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज है। दोनों जेल जा चुके हैं। देहात थाना प्रभारी ने बताया कि पेरोल पर जेल से छूटने के बाद दोनों फिर से इसी अवैध कारोबार में लग गए थे। पकड़े गए सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
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हथियार बनाकर अपराधियों को करते थे सप्लाई
एसएसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपी हथियार बनाकर आपराधिक प्रवित्ति वाले लोगों को बेचते थे। पिस्टल करीब दस से 15 हजार में बेचते थे। जैसा ग्राहक मिल जाता था उस हिसाब से वह तमंचा बेचते थे।