{"_id":"67b9abe65bb23c1aeb08625b","slug":"chhattisgarh-three-employees-suspended-for-negligence-in-election-work-collector-took-action-2025-02-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chhattisgarh: निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले तीन कर्मचारी निलंबित, कलेक्टर ने की कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chhattisgarh: निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले तीन कर्मचारी निलंबित, कलेक्टर ने की कार्रवाई
Sat, 22 Feb 2025 04:20 PM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Sat, 22 Feb 2025 04:20 PM IST
सार
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर जशपुर रोहित व्यास ने त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले तीन कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर जशपुर रोहित व्यास ने त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन कार्य में लापरवाही बरतने वाले तीन कर्मचारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इनमें प्रधान पाठक जुनास खलखो, पटवारी विजय कुमार श्रीवास्तव और व्याख्याता गणेश कुमार मंडल शामिल हैं। कलेक्टर रोहित व्यास ने कहा है कि शासकीय दायित्व के निर्वहन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनुशासनहीनता को बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्वाचन एवं शासकीय कार्य में स्वेच्छाचारिता के मामलों में कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
रिटर्निंग ऑफिसर (पंचायत) द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदनों के अनुसार, इन अधिकारियों ने अपने कर्तव्यों के प्रति घोर लापरवाही बरती, जिससे निर्वाचन प्रक्रिया प्रभावित हुई। प्रधान पाठक जुनास खलखो को पीठासीन अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया था, लेकिन 19 फरवरी 2025 को स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय, जशपुर में सामग्री वितरण के दौरान वे नशे की हालत में पाए गए। चिकित्सकीय जांच में इसकी पुष्टि होने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, कांसाबेल कार्यालय में नियत किया गया।
इसी तरह निर्वाचन कार्य के तहत फरसाबहार तहसील के पटवारी विजय कुमार श्रीवास्तव को मतदाता सूची की हार्ड कॉपी तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन उन्होंने बिना अनुमति के 70 दिनों तक अपने कर्तव्य से अनुपस्थिति दर्ज कराई। कारण बताओ नोटिस का भी उन्होंने कोई उत्तर नहीं दिया, जिससे उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई करते हुए निलंबन आदेश जारी किया गया। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय अनुविभागीय अधिकारी (रा.), फरसाबहार कार्यालय में नियत किया गया है।
विज्ञापन
व्याख्याता गणेश कुमार मंडल को भी पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया गया था, लेकिन 19 फरवरी 2025 को सामग्री वितरण के दौरान वे नशे की हालत में पाए गए। चिकित्सकीय परीक्षण में इसकी पुष्टि होने के बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, कांसाबेल कार्यालय में नियत किया गया।
विज्ञापन
रिटर्निंग ऑफिसर (पंचायत) द्वारा प्रस्तुत प्रतिवेदनों के अनुसार, इन अधिकारियों ने अपने कर्तव्यों के प्रति घोर लापरवाही बरती, जिससे निर्वाचन प्रक्रिया प्रभावित हुई। प्रधान पाठक जुनास खलखो को पीठासीन अधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया था, लेकिन 19 फरवरी 2025 को स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय, जशपुर में सामग्री वितरण के दौरान वे नशे की हालत में पाए गए। चिकित्सकीय जांच में इसकी पुष्टि होने पर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, कांसाबेल कार्यालय में नियत किया गया।
विज्ञापन
इसी तरह निर्वाचन कार्य के तहत फरसाबहार तहसील के पटवारी विजय कुमार श्रीवास्तव को मतदाता सूची की हार्ड कॉपी तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई थी, लेकिन उन्होंने बिना अनुमति के 70 दिनों तक अपने कर्तव्य से अनुपस्थिति दर्ज कराई। कारण बताओ नोटिस का भी उन्होंने कोई उत्तर नहीं दिया, जिससे उनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई करते हुए निलंबन आदेश जारी किया गया। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय अनुविभागीय अधिकारी (रा.), फरसाबहार कार्यालय में नियत किया गया है।
विज्ञापन
व्याख्याता गणेश कुमार मंडल को भी पीठासीन अधिकारी नियुक्त किया गया था, लेकिन 19 फरवरी 2025 को सामग्री वितरण के दौरान वे नशे की हालत में पाए गए। चिकित्सकीय परीक्षण में इसकी पुष्टि होने के बाद उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, कांसाबेल कार्यालय में नियत किया गया।