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चंडीगढ़ः जो पेपर हफ्ता पहले हुआ, वो एसडी कॉलेज में डेढ़ महीने पहले ही करा दिया गया हल

Fri, 13 Dec 2019 12:29 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Fri, 13 Dec 2019 12:29 PM IST
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SD college teachers sattled paper for punjab university, but leaked in class room
प्रतीकात्मक फोटो
पंजाब यूनिवर्सिटी और इससे संबद्ध 200 कॉलेजों में एक सप्ताह पहले हुआ बीकॉम कास्ट अकाउंटिंग का पेपर एसडी कॉलेज में पहले ही लीक हो चुका था। इसका खुलासा बोर्ड ऑफ स्टडीज की बैठक में वीरवार को किया गया है। एसडी कॉलेज में वही पेपर मिड सेमेस्टर टेस्ट यानी एमएसटी में आया था।
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बैठक में निर्णय लिया गया कि 200 कॉलेजों के विद्यार्थियों का दोबारा पेपर नहीं करवाया जा सकता, लेकिन एसडी कॉलेज के विद्यार्थियों को वह पेपर पहले मिला है, इसलिए वहां के विद्यार्थियों का पेपर दोबारा कराने की संस्तुति की गई। यही नहीं, पेपर बनाने वाले एसडी कॉलेज के शिक्षक को चेतावनी दी गई है।
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कुछ लोगों ने कॉलेज को डिबार करने की बात कही, लेकिन इस पर फैसला नहीं हो पाया। उधर, शिक्षक का कहना है कि पीयू के लिए बनाया गया पेपर दिसंबर से पहले होने वाली परीक्षा में यूज किया जाना था, लेकिन पीयू ने इसे दिसंबर की परीक्षा में शामिल कर लिया।
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ऐसे हुआ था पेपर में खेल
पीयू के नियम थे कि पहले पेपर सेट करने के लिए दूसरे विश्वविद्यालयों के शिक्षकों को बुलाया जाता था, लेकिन बाद में इसे बदल दिया गया और पीयू से संबद्ध कॉलेजों के शिक्षकों को इस कार्य के लिए चुन लिया गया। उसी के तहत एसडी कॉलेज के एक शिक्षक ने बीकॉम कॉस्ट अकाउंटिंग का पेपर सेट किया था। यह पेपर एसडी कॉलेज में एमएसटी में विद्यार्थियों को हल करने के लिए दे दिया गया।

अब दिसंबर में इसी विषय का पेपर पीयू ने करवाया तो सभी प्रश्न एमएसटी के पेपर से मेल खा गए। मामला देखते ही देखते चर्चा का विषय बन गया। इसके बाद इसी कॉलेज के शिक्षक ने बीकॉम कंपनी लॉ का पेपर बनाया। उसमें भी एमएसटी से मिलते-जुलते प्रश्न पूछे गए। लगातार मामला तूल पकड़ गया और पीयू को कॉमर्स बोर्ड ऑफ स्टडी की बैठक करानी पड़ी।

दूसरे विश्वविद्यालयों से आएंगे पेपर सेटर
सूत्रों का कहना है कि वीरवार को हुई बैठक में निर्णय लिया गया कि संबंधित शिक्षक के खिलाफ कठोर कार्रवाई हो, लेकिन कुछ लोग इससे खुश नहीं थे। आखिर में शिक्षक को चेतावनी दी गई और एसडी कॉलेज का कॉस्ट अकाउंटिंग का पेपर दोबारा कराने की संस्तुति की गई।


यही नहीं नियम यह भी बनाया गया कि पीयू के एग्जाम के लिए पेपर सेटर की व्यवस्था पुरानी बहाल की जाए। दूसरे विश्वविद्यालयों के शिक्षकों को इसके लिए बुलाया जाए। कई अन्य प्रस्ताव भी रखे गए। 16 दिसंबर को होने वाली फैकल्टी बैठक में कई नियमों पर चर्चा होगी।
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