पंजाब यूनिवर्सिटी ने मनाया 138वां स्थापना दिवस, विभाजन के समय चुनौतीपूर्ण दिनों को किया याद

अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Thu, 15 Oct 2020 02:39 PM IST
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पीयू वीसी राजकुमार
पीयू वीसी राजकुमार - फोटो : अमर उजाला

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पंजाब यूनिवर्सिटी ने बुधवार को 138वें स्थापना दिवस मनाया। ऑनलाइन हुए इस कार्यक्रम में पीयू वीसी प्रो. राजकुमार ने संस्थान को इस मुकाम तक पहुंचाने के लिए दूरदर्शी नेताओं का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि पीयू का 1882 में लाहौर से चंडीगढ़ तक का सफर सराहनीय रहा है। कार्यक्रम में डीन रिसर्च प्रो. वीआर सिन्हा ने सभी को स्थापना दिवस की बधाई दी।
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उन्होंने पीयू को इस मुकाम तक पहुंचाने के लिए शिक्षकों और विद्यार्थियों की मेहनत की सराहना की। इसके साथ ही उन्होंने विभाजन के समय में पीयू के चुनौतीपूर्ण दिनों को भी याद किया। वित्त और विकास अधिकारी व कार्यवाहक रजिस्ट्रार विक्रम नय्यर ने कहा कि आज उन सभी दिग्गजों और दूरदर्शी नेताओं को श्रद्धांजलि देने का दिन है, जिनके कारण आज पीयू इस मुकाम पर पहुंचा हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को उनसे प्रेरणा लेने का आह्वान किया।
14 अक्टूबर, 1882 को लाहौर में हुई थी स्थापना
वीसी प्रो राजकुमार ने बताया कि पीयू की 14 अक्टूबर 1882 को लाहौर में स्थापना हुई थी। आजादी के बाद चंडीगढ़ में स्थापित होने वाला पीयू देश के चुनिंदा विश्वविद्यालयों में से एक हैं। वर्तमान में पीयू चंडीगढ़ के साथ इसके मुक्तसर, होशियारपुर और लुधियाना में क्षेत्रीय केंद्र स्थापित हैं। साथ ही इससे संबद्ध 188 महाविद्यालय हैं। चंडीगढ़ स्थित 550 एकड़ में फैले परिसर में 78 शैक्षिक और अनुसंधान केंद्रों के साथ राष्ट्र निर्माण की दिशा में काम कर रहा है।

वीसी ने पीयू की उपलब्धियों का किया बखान
- वर्ष 2020 में अटल रैंकिंग में देश के विश्वविद्यालयों में पीयू ने हासिल किया दूसरा स्थान।
- टाइम्स हायर एजुकेशन की रैंकिंग में देश के विश्वविद्यालयों की उपलब्धियों के बीच पीयू को मिला चौथा स्थान।
- पीयू की ‘आज सीखते समय कमाएं’ योजना के कार्यान्वयन से सैकड़ों विद्यार्थी पढ़ाई के साथ कर रहे हैं कमाई।
- पिछले दो वर्षों में पीयू ने 800 से अधिक शैक्षणिक सेमिनार का किया आयोजन।
- राष्ट्रीय शैक्षणिक डिपॉजिटरी पर लगभग 30 हजार से अधिक विद्यार्थियों का डाटा अपलोड करने में भारत के पहले 5 विश्वविद्यालयों की सूचि में आता है पीयू।
- 1 फरवरी 2020 को ओडिशा में आयोजित भारतीय विश्वविद्यालयों के संघ के सहयोग से युवा मामलों और खेल मंत्रालय की ओर से आयोजित खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स में पीयू ने लिया था प्रथम स्थान।
- दो साल में लगातार माका ट्राफी हासिल कर रहा है पीयू।
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