फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   No Discussion on Fees in Fee Regulatory Authority meeting

रेगुलेटरी अथॉरिटी की बैठक में खानापूर्ति, फीस बढ़ोतरी पर चर्चा नहीं, धरीं रह गईं 900 शिकायतें

Tue, 16 Jun 2020 01:31 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Tue, 16 Jun 2020 01:31 PM IST
विज्ञापन
No Discussion on Fees in Fee Regulatory Authority meeting
मीटिंग में चर्चा - फोटो : सांकेतिक तस्वीर
स्कूलों की मनमानी पर शिकंजा कसने व अभिभावकों को राहत देने के उद्देश्य से की गई फीस रेगुलेटरी अथॉरिटी की बैठक केवल खानापूर्ति भर रही। इसमें न तो अभिभावकों को राहत दी गई और न ही कोई अन्य निर्णय हुए। स्कूलों के खिलाफ अभिभावकों की 900 शिकायतें धरी की धरी रह गईं। उल्टा शिकायतकर्ता अभिभावकों से ही एफिडेविट की मांग कर ली गई। इससे अभिभावकों में आक्रोश और पनप गया। हालांकि अफसर कहते हैं कि शिकायतों का निस्तारण अगली बैठक में जल्द करेंगे।
विज्ञापन


फीस बढ़ोत्तरी को लेकर अभिभावक सबसे अधिक परेशान थे। आए दिन निजी स्कूलों के बाहर प्रदर्शन हो रहे थे। मामला काफी आगे बढ़ता गया। इसी के साथ शिक्षा विभाग व अथॉरिटी को शिकायतों पर शिकायतें जाने लगीं और शिकायतों का अंबार लग गया। इन शिकायतों के निस्तारण के लिए अथॉरिटी की पहली बैठक सोमवार को हुई। अभिभावकों को उम्मीद थी कि साल में होने वाली पहली बैठक में उन्हें राहत मिलेगी, लेकिन उनकी समस्याएं और बढ़ा दी गईं।
विज्ञापन


पैरेंट्स ने इस बैठक को केवल खानापूर्ति बताया और निजी स्कूलों को सपोर्ट देना करार दिया। बैठक में निर्णय यह भी होना था कि ट्यूशन फीस 15 तारीख तक जमा करवानी है या नहीं। लेट फीस व उस पर फाइन आदि को लेकर भी निर्णय होना था। इस पर भी कोई निर्णय नहीं हो पाया।
विज्ञापन
विज्ञापन


इस बारे में रूबिंदरजीत सिंह बराड़, डायरेक्टर स्कूल एजुकेशन ने कहा कि हमारे पास अभिभावकों की ज्वाइंट शिकायतेें काफी अधिक आई हैं। आज सिर्फ बैठक हुई थी, शिकायतों को लेकर सुनवाई नहीं। अगली बैठक में शिकायतों पर निर्णय लिया जाएगा जो बहुत जल्द आयोजित होगी। उसके अलावा कई शिकायतें ऐसी हैं जो अथॉरिटी के पैरामीटर से बाहर हैं, उसका निपटारा शिक्षा विभाग अपने स्तर पर करेगा।

30 जून तक बैलेंस शीट अपलोड करें
फीस बढ़ोतरी और लेट फीस के मुद्दे पर निर्णय लिया जाना था, लेकिन कमेटी ने बैलेंस शीट पर फैसला लिया। कमेटी सदस्यों ने बैठक में निर्णय लेते हुए प्राइवेट स्कूलों को बैलेंस शीट जमा करवाने के लिए 30 जून तक समय दिया है। हालांकि इससे पहले बैलेंस शीट के मामले में हाईकोर्ट ने चंडीगढ़ प्रशासन और केंद्र सरकार से जवाब मांगा था।


कुछ स्कूलों से जवाब मांगा गया
बैठक में यह भी बात सामने आई है कि कुछ स्कूलों के खिलाफ शिकायतें आई हैं उनसे जवाब मांगा गया है। हालांकि इस पर अफसरों का रुख साफ नहीं है। वहीं दूसरी ओर सेक्टर 42 में शुल्क नियामक समिति का नया कार्यालय स्थापित होगा। यह निर्णय लिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed