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नई पहलः शिक्षक अप्रैल से मोबाइल फोन पर लगाएंगे हाजिरी, आखिरी चरण में ‘फिनिक्स एप’ का काम
Tue, 12 Mar 2019 11:47 AM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Tue, 12 Mar 2019 11:47 AM IST
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सरकारी स्कूलों के शिक्षकों और छात्रों की हाजिरी अब मोबाइल फोन के जरिए लगेगी। शिक्षा विभाग यह व्यवस्था एक अप्रैल यानी नए शैक्षणिक स्तर से लागू करने की कोशिश में है। इसको लेकर सोमवार को चंडीगढ़ शिक्षा विभाग के शिक्षा सचिव आईएएस बीएल शर्मा ने जिला शिक्षा अधिकारी अनुजीत कौर, मिशन कोऑर्डिनेटर अल्का मेहता व आईटी एक्सपर्ट के साथ बैठक की।
शिक्षा सचिव ने बताया कि ‘फिनिक्स’ एप पर शहर के दो स्कूलों को लेकर चलाया गया ट्रायल काफी हद तक सफल रहा है। हालांकि एप में कुछ बदलाव की जरूरत है, जिसे लेकर उन्होंने अधिकारियों की बैठक ली है। फिनिक्स एप में बताया गया है कि टीचर्स को समय के अनुसार बच्चों को क्या पढ़ाना है और कैसे पढ़ाना है। इस तकनीक के लिए हर क्लास और हर सब्जेक्ट की हैंडबुक तैयार की गई है।
बीएल शर्मा ने कहा कि इस सिस्टम में हर बच्चे के प्रदर्शन पर नजर रखी जाएगी। इससे यह पता चल सकेगा कि हमने जिन लक्ष्यों को तय किया गया है वह पूरा हो रहे हैं या नहीं। टीचर्स को विशेष तौर पर बनाई शीट्स दी जाएंगी। जिन्हें टीचर बच्चों के प्रदर्शन के आधार पर भरेगा। इसके बाद इन शीट्स के परिणामों के आधार पर विभाग द्वारा चेकिंग भी की जाएगी।
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साथ ही शिक्षक को अपने स्कूल परिसर में आकर हाजिरी के लिए खास बनाई गई मोबाएल फोन एप ‘फिनिक्स’ पर उपस्थिति दर्ज करनी होगी। शिक्षा विभाग और राष्ट्रीय सूचना केंद्र (एनआईसी) संयुक्त रूप से इस मोबाइल एप को विकसित कर रहे हैं। इस पर काम अंतिम चरण में है। इस प्रोजेक्ट की निगरानी खुद शिक्षा सचिव बीएल शर्मा कर रहे हैं।
इस एप के लांच होने के बाद काफी बदलाव संभव है। पैरेंट्स घर बैठे देख सकेंगे कि उनके बच्चों को क्या पढ़ाया जा रहा है, स्कूल की रेटिंग क्या है आदि। विभाग पूरी तरह से एप को बेहतर बनाने में लगा है। कोशिश है कि नए सत्र से इसे लागू कर दिया जाए।
- बीएल शर्मा, शिक्षा सचिव
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शिक्षा सचिव ने बताया कि ‘फिनिक्स’ एप पर शहर के दो स्कूलों को लेकर चलाया गया ट्रायल काफी हद तक सफल रहा है। हालांकि एप में कुछ बदलाव की जरूरत है, जिसे लेकर उन्होंने अधिकारियों की बैठक ली है। फिनिक्स एप में बताया गया है कि टीचर्स को समय के अनुसार बच्चों को क्या पढ़ाना है और कैसे पढ़ाना है। इस तकनीक के लिए हर क्लास और हर सब्जेक्ट की हैंडबुक तैयार की गई है।
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बीएल शर्मा ने कहा कि इस सिस्टम में हर बच्चे के प्रदर्शन पर नजर रखी जाएगी। इससे यह पता चल सकेगा कि हमने जिन लक्ष्यों को तय किया गया है वह पूरा हो रहे हैं या नहीं। टीचर्स को विशेष तौर पर बनाई शीट्स दी जाएंगी। जिन्हें टीचर बच्चों के प्रदर्शन के आधार पर भरेगा। इसके बाद इन शीट्स के परिणामों के आधार पर विभाग द्वारा चेकिंग भी की जाएगी।
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साथ ही शिक्षक को अपने स्कूल परिसर में आकर हाजिरी के लिए खास बनाई गई मोबाएल फोन एप ‘फिनिक्स’ पर उपस्थिति दर्ज करनी होगी। शिक्षा विभाग और राष्ट्रीय सूचना केंद्र (एनआईसी) संयुक्त रूप से इस मोबाइल एप को विकसित कर रहे हैं। इस पर काम अंतिम चरण में है। इस प्रोजेक्ट की निगरानी खुद शिक्षा सचिव बीएल शर्मा कर रहे हैं।
इस एप के लांच होने के बाद काफी बदलाव संभव है। पैरेंट्स घर बैठे देख सकेंगे कि उनके बच्चों को क्या पढ़ाया जा रहा है, स्कूल की रेटिंग क्या है आदि। विभाग पूरी तरह से एप को बेहतर बनाने में लगा है। कोशिश है कि नए सत्र से इसे लागू कर दिया जाए।
- बीएल शर्मा, शिक्षा सचिव