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पीयू के हॉस्टल नंबर 8 को लेकर घमासान, पुटा ने कहा- दीर्घकालिक हित के लिए खाली कराएं
Thu, 28 May 2020 11:55 AM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Thu, 28 May 2020 11:55 AM IST
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कोरोना के मरीजों को भर्ती करने के लिए खाली करवाए गए पीयू के गर्ल्स हॉस्टल नंबर आठ को वापस लेने की मांग उठ गई है। पीयू में इसको लेकर घमासान मचा हुआ है। कुछ शिक्षकों ने कहा कि देश की सबसे बड़ी आपदा में कुछ भी मदद संभव है। वहीं पुटा ने हॉस्टल खाली करवाने की सिफारिश पीयू वीसी से की है।
वहीं पीयू प्रशासन ने भी अपना रुख साफ करते हुए कहा है कि जब पीयू को जरूरत महसूस होगी तो यूटी प्रशासन उन्हें हॉस्टल सैनिटाइज करके हैंडओवर कर देगा। फिलहाल खाली करवाने की कोई योजना नहीं है। देशभर में कोरोना के मरीजों की संख्या तेजी से इजाफा हो रहा है। अस्पतालों में बेड कम पड़ने लगे हैं। मरीजों को भर्ती करने के लिए सरकारी व प्राइवेट भवन लिए जा रहे हैं।
महाराष्ट्र में बेकाबू होते कोरोना के कारण एक कॉलेज का भवन लिया गया है ताकि मरीजों को भर्ती किया जा सके। इसी तरह यूटी प्रशासन ने भी मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए पीयू के चार हॉस्टल खाली करवाने को कहा था, लेकिन विरोध हुआ तो फिर दो ही हॉस्टल लिए गए। वर्तमान में हॉस्टल में कोरोना के संदिग्धों को भर्ती किया गया है, यह बापूधाम क्षेत्र के हैं। मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए यूटी प्रशासन को और भवनों की जरूरत पड़ सकती है। इसके लिए यूटी और भवन लेने की योजना बना रहा है।
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वहीं पीयू प्रशासन ने भी अपना रुख साफ करते हुए कहा है कि जब पीयू को जरूरत महसूस होगी तो यूटी प्रशासन उन्हें हॉस्टल सैनिटाइज करके हैंडओवर कर देगा। फिलहाल खाली करवाने की कोई योजना नहीं है। देशभर में कोरोना के मरीजों की संख्या तेजी से इजाफा हो रहा है। अस्पतालों में बेड कम पड़ने लगे हैं। मरीजों को भर्ती करने के लिए सरकारी व प्राइवेट भवन लिए जा रहे हैं।
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महाराष्ट्र में बेकाबू होते कोरोना के कारण एक कॉलेज का भवन लिया गया है ताकि मरीजों को भर्ती किया जा सके। इसी तरह यूटी प्रशासन ने भी मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए पीयू के चार हॉस्टल खाली करवाने को कहा था, लेकिन विरोध हुआ तो फिर दो ही हॉस्टल लिए गए। वर्तमान में हॉस्टल में कोरोना के संदिग्धों को भर्ती किया गया है, यह बापूधाम क्षेत्र के हैं। मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए यूटी प्रशासन को और भवनों की जरूरत पड़ सकती है। इसके लिए यूटी और भवन लेने की योजना बना रहा है।
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कैंपस के सुरक्षा कर्मी, कर्मचारियों आदि की सुरक्षा भी जरूरी
इसी बीच बापूधाम के संदिग्ध लोगों को गर्ल्स हॉस्टल नंबर आठ में भर्ती करने पर में खलबली मची हुई है। पुटा की ओर से बुधवार को पीयू वीसी को पत्र लिखा गया। उन्होंने मीडिया रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि पीयू को सुरक्षित करना जरूरी है। साथ ही सुरक्षा कर्मी व कर्मचारी भी यहां काम कर रहे हैं। ऐसे में उनका बचाव भी जरूरी है। पीयू अपने शैक्षिक सत्र का आरंभ करेगा तो ऐसी स्थिति में छात्रों के हॉस्टल आवंटन आदि में भी दिक्कतें आएंगी। पीयू का इसमें दीर्घकालिक हित है। उन्होंने वीसी से कहा है कि यूटी प्रशासन से संपर्क करके हॉस्टल को खाली करवाया जाए। यह पत्र पुटा अध्यक्ष प्रो. राजेश गिल की ओर से लिखा गया है।
यूटी प्रशासन को जरूरत, खाली न करवाएं हॉस्टल
वहीं, पुटा के पूर्व अध्यक्ष प्रो. मुहम्मद खालिद समेत कई शिक्षकों ने कहा कि कोविड देश की सबसे बड़ी आपदा है। सरकार को जब जरूरत पड़ी तभी भवन लिया गया। हर कोई सरकार व लोगों की मदद को आगे आ रहा है। ऐसे में पीयू कैसे पीछे हट सकता है। यूटी प्रशासन की पीयू को मदद करनी चाहिए। हालांकि जब हॉस्टल पीयू को हैंडओवर किया जाए तब पूरी तरह सैनिटाइज किया जाए। कई अन्य शिक्षकों ने भी कहा है कि शिक्षण संस्थान तभी खुलेंगे जब कोरोना विदा होगा। अभी पीयू खाली है। हॉस्टल भी खाली हैं। ऐसे में यूटी प्रशासन हॉस्टल को हैंडओवर कर सकता है। यदि छात्र हॉस्टल में रह रहे होते तो दिक्कत होती।
यूटी प्रशासन ने हॉस्टल हैंडओवर के दौरान कहा था कि यूनिवर्सिटी जब खुलेगी तो हॉस्टल पीयू को सैनिटाइज करके सौंप देंगे और शिक्षण संस्थान तभी खुलेंगे जब कोरोना मरीजों की संख्या कम होगी या यह खत्म हो जाएगा। हॉस्टल खाली करवाने को लेकर पुटा की ओर पत्र लिखा गया है, वह अलग बात है और उनका कंसर्न भी ठीक है लेकिन फिलहाल हॉस्टल खाली नहीं करवाया जा सकता।
- प्रो. करमजीत सिंह, रजिस्ट्रार पीयू
यूटी प्रशासन को जरूरत, खाली न करवाएं हॉस्टल
वहीं, पुटा के पूर्व अध्यक्ष प्रो. मुहम्मद खालिद समेत कई शिक्षकों ने कहा कि कोविड देश की सबसे बड़ी आपदा है। सरकार को जब जरूरत पड़ी तभी भवन लिया गया। हर कोई सरकार व लोगों की मदद को आगे आ रहा है। ऐसे में पीयू कैसे पीछे हट सकता है। यूटी प्रशासन की पीयू को मदद करनी चाहिए। हालांकि जब हॉस्टल पीयू को हैंडओवर किया जाए तब पूरी तरह सैनिटाइज किया जाए। कई अन्य शिक्षकों ने भी कहा है कि शिक्षण संस्थान तभी खुलेंगे जब कोरोना विदा होगा। अभी पीयू खाली है। हॉस्टल भी खाली हैं। ऐसे में यूटी प्रशासन हॉस्टल को हैंडओवर कर सकता है। यदि छात्र हॉस्टल में रह रहे होते तो दिक्कत होती।
यूटी प्रशासन ने हॉस्टल हैंडओवर के दौरान कहा था कि यूनिवर्सिटी जब खुलेगी तो हॉस्टल पीयू को सैनिटाइज करके सौंप देंगे और शिक्षण संस्थान तभी खुलेंगे जब कोरोना मरीजों की संख्या कम होगी या यह खत्म हो जाएगा। हॉस्टल खाली करवाने को लेकर पुटा की ओर पत्र लिखा गया है, वह अलग बात है और उनका कंसर्न भी ठीक है लेकिन फिलहाल हॉस्टल खाली नहीं करवाया जा सकता।
- प्रो. करमजीत सिंह, रजिस्ट्रार पीयू