फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   PU News: Safety insurance amount of PU students increased

छात्रों की सेफ्टी इंश्योरेंस की राशि 10 से 50 हजार हुई, हादसे में परिजनों की मौत पर मिलेंगे एक लाख

Sun, 19 Jan 2020 01:16 PM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Sun, 19 Jan 2020 01:16 PM IST
विज्ञापन
PU News: Safety insurance amount of PU students increased
मनप्रीत माहल, संयुक्त सचिव , पंजाब विश्वविद्याल छात्र परिषद - फोटो : फाइल फोटो

पंजाब यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट काउंसिल के ज्वाइंट सेक्रेटरी मनप्रीत माहल ने डीएसडब्ल्यू को सेफ्टी इंश्योरेंस का राशि में बढ़ाने को लेकर पत्र लिखा था। इसके बाद बुधवार को डीन स्टूडेंट वेलफेयर ने ज्वाइंट सेक्रेटरी को जानकारी दी कि बीमा राशि को 10 हजार से बढ़ाकर 50 हजार कर दिया गया है। इसकी जानकारी को नोटिस हॉस्टल की वेबसाइट पर भी डाल दिया गया है।

विज्ञापन


ज्वाइंट सेक्रेटरी मनप्रीत माहल ने बताया कि उन्होंने दो माह पहले डीन स्टूडेंट वेलफेयर को विद्यार्थी बीमा राशि में इजाफा करने को लेकर पत्र लिखा था। इसके बाद डीएसडब्ल्यू ने अधिकारियों के साथ बैठक कर इसे पांच गुना बढ़ाया गया है। पहले स्टूडेंट सेफ्टी इंश्योरेंस स्कीम के तहत विद्यार्थियों को जानवर के काट लेने पर 10 हजार रुपये इलाज के लिए मिलते थे। अब 50 हजार रुपये मिलेंगे। इश्योंरेस की समय सीमा एक साल की है। इसके लिए विद्यार्थी से उनकी फीस के समय ही इंश्योरेंस की राशि जमा कर ली जाती है।
विज्ञापन


विद्यार्थी कैसे करें बीमा राशि के लिए आवेदन
पंजाब यूनिवर्सिटी परिसर में विद्यार्थी को बंदरों, सांप आदि जानवरों के काटे जाने पर उसके इलाज के लिए अधिकतम 50 हजार तक की राशि दी जाएगी। इसके लिए विद्यार्थी को अपने इलाज संबंधी रसीद डीन स्टूडेंट वेलफेयर को जमा करवानी पड़ेगी। इसके बाद में डीएसडब्ल्यू अपने स्तर पर मामले में जांच करेगा। विद्यार्थी को ऐसे मामले में 50 हजार तक इलाज की राशि पीयू की तरफ से वापस की जाएगी। इसमें हॉस्पिटिलाइजेशन, ओपीडी और दवाइयों का खर्चे के लिए राशि दी जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


परिजनों की एक्सीडेंट में मौत पर मिलेंगे एक लाख
पंजाब यूनिवर्सिटी अब प्रत्येक विद्यार्थी को उनके माता-पिता या गार्जियन की एक्सीडेंट में मृत्यु होने पर एक लाख तक राशि फीस के लिए देगी। अगर किसी भी विद्यार्थी के कामकाजी परिजन की मृत्यु पर विद्यार्थी को उसके बचे हुए सेमेस्टर फीस के लिए अधिकतम एक लाख तक राशि पीयू की तरफ से दी जाएगी। इसके लिए विद्यार्थी को एक्सीडेंट के कारणों और दस्तावेजों की जानकारी यूनिवर्सिटी को देनी पड़ेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed