पीयू बुक फेयर पर भी नोटबंदी का असर, लेकिन आखिरकार मिली अच्छी खबर
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बुक लर्वस के लिए पंजाब यूनिवर्सिटी में पांच दिवसीय पीयू बुक फेयर-2016 के दूसरे दिन लोगों की संख्या में काफी इजाफा हुआ। बुक फेयर में किताबों की खरीद पर नोटबंदी का असर तो है, लेकिन पाठक किताब खरीद रहे हैं।
पहले दिन 500 से 1000 रुपये की किताबों की सेल हुई थी। जबकि दूसरे दिन विक्रेताओं ने 5 से 7 हजार की किताबें बेची। पीयू और अन्य संस्थानों की लाइब्रेरी और विभागों ने काफी किताबों का ऑर्डर किया है।
बुक पब्लिशर्स का कहना है कि अगर स्क्रैच मशीन लग जाए तो ओर अधिक किताबों की बिक्री हो सकती है। बुक फेयर में बच्चों की पेरेंटिंग को लेकर भी विशेष स्टॉल लगाया गया है। इसमें बच्चों को सही तरीके से पढ़ाने, उनकी हेल्थ और खेलकूद से लेकर विभिन्न गतिविधियों के बारे में बताया गया।
पीयू स्थित एसी जोशी लाइब्रेरी की ओर से 16 से 20 नवंबर तक लगाए बुक फेयर में 30 के करीब पब्लिशर्स आए हैं। पाठकों के लिए बुक फेयर में हिंदी, पंजाबी, उर्दू से लेकर विदेशी भाषाओं की किताबें भी उपलब्ध हैं। बुक फेयर में लोगों की कम संख्या के बाद पीयू प्रशासन ने सभी विभागाध्यक्षों को स्टूडेंट्स के साथ फेयर का दौरा करने को कहा है।
कुछ किताबों पर दिया जा रह डिस्काउंट
बुक फेयर में सेज पब्लिकेशन के प्रतिनिधि राजकुमार ने बताया कि दूसरे दिन लोगों ने किताबों की खरीदारी में काफी दिलचस्पी दिखाई है। जबकि पहले दिन सिर्फ 500 की किताबें बिकी थी, जबकि दूसरे दिन दोपहर तक ही करीब 4 हजार की सेल हो चुकी है। उन्होंने कहा कि आने वाले तीन दिनों में ओर बेहतर रिस्पांस की उम्मीद है।
रामपुर रजा लाइब्रेरी पब्लिकेशन के इसबा और शहामत ने बताया कि दूसरे दिन रामायण के तीन वोल्यूम 3 हजार में बिके हैं। बुक फेयर में हरियाणा ग्रंथ अंकादमी की ओर से लगाए गए स्टॉल पर हरियाणवी साहित्य के लिए काफी पाठक पहुंच रहे हैं।
दिनेश कुमार ने बताया कि स्वर्ण जयंती समारोह के तहत लोगों को किताबों पर 50 फीसदी तक डिस्काउंट दिया जा रहा है। अकादमी के बुक स्टॉल पर मीडिया से लेकर विश्वविद्यालय स्तर और हरियाणा साहित्य से जुड़ी काफी किताबें कम दामों में उपलब्ध हैं।
बुक फेयर में खरीदारी कर रहे पीयू गांधीयन स्टडी विभाग के रिसर्च स्कॉलर विनोद ने कहा कि यूनिवर्सिटी में बुक फेयर लगातार होने चाहिए। उन्होंने ओशो और हरियाणवी साहित्य से जुड़ी कई किताबें खरीदी।
माधव कौशिक की किताब का विमोचन
माधव कौशिक की किताब का विमोचन
बुक फेयर में वीरवार को जाने माने लेखक और चंडीगढ़ साहित्य अकादमी के उप निदेशक माधव कौशिक की किताब जोखिम भरा समय का विमोचन किया गया। कौशिक के 9 गजल संग्रह और कई नवगीत संग्रह का प्रकाशन हो चुका है।
पीयू हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. अशोक कुमार ने किताब के बारे में विस्तृत चर्चा की। इस मौके पर चीफ लाइब्रेरियन डॉ. राजकुमार, डॉ.चंद्र त्रिखा, प्रो. हरबंस सिंह, हिंदी विभाग के डॉ. गुरमीत सिंह, डॉ. सत्यपाल सहगल के अलावा बीएचयू के प्रकाश शुक्ल, कुमायूं यूनिवर्सिटी के प्रो. गोबिंद सिंह, देश निरमोही सहित काफी संख्या में लोग उपस्थित थे।
ट्राइसिटी के लोगों को जैसे-जैसे बुक फेयर की जानकारी मिल रही है, वह पहुंच रहे हैं। आने वाले तीन दिन में बेहतर रिस्पांस की उम्मीद है। शुक्रवार को एस्ट्रोलॉजी पर विशेष वर्कशॉप लगाई जाएगी। -डॉ. राजकुमार, चीफ लाइब्रेरियन पंजाब यूनिवर्सिटी।