फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   mdu rohtak university will be north india first hightech university

नॉर्थ इंडिया की पहली हाईटेक यूनिवर्सिटी बनेगी MDU, खासियतों पर एक नजर

Thu, 20 Apr 2017 09:30 AM IST
विनीत तोमर/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा)
विनीत तोमर/अमर उजाला, रोहतक(हरियाणा) Updated Thu, 20 Apr 2017 09:30 AM IST
विज्ञापन
mdu rohtak university will be north india first hightech university
एमडीयू रोहतक - फोटो : अमर उजाला
‘ए’ ग्रेड यूनिवर्सिटी एमडीयू रोहतक नॉर्थ इंडिया की पहली हाईटेक यूनिवर्सिटी बनेगी। इसमें विदेशों की तर्ज पर हाई सिक्योरिटी सिस्टम लगाया जाएगा। कैंपस में जल्दी ही इंटेलिजेंट सिक्योरिटी सिस्टम लगाया जाएगा। इस सिस्टम के बाद महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी नॉर्थ इंडिया की पहली ऐसी यूनिवर्सिटी बनेगी, जिसमें सिक्योरिटी के हाई प्रोफाइल फीचर होंगे। शाम पांच बजते ही एमडीयू के कई संवदेनशील विभाग के गेट ऑटोमैटिक बंद हो जाएंगे।
विज्ञापन


दरअसल, अभी तक यूनिवर्सिटी कैंपस की सुरक्षा कुछ कैमरे और सिक्योरिटी गार्डों पर निर्भर है। ऐसे में बाहरी तत्व कई बार कैंपस में घटनाओं को अंजाम दे देते हैं और उन्हें ट्रेस करना भी मुश्किल होता है। अब कैंपस की सुरक्षा के लिए विदेशों की तर्ज पर हाई प्रोफाइल तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। कैंपस में सुरक्षा के लिए इंटेलिजेंट सिक्योरिटी सिस्टम को शुरू किया जाएगा। इसमें सबसे खास बात यह होगी कि परीक्षा सदन और प्रशासनिक भवन समेत कई संवेदनशील बिल्डिंग में ऑटोमैटिक एक्सेस कंट्रोल मैनेजमेंट के तहत सिक्योरिटी प्रदान की जाएगी।
विज्ञापन


बिल्डिंग के मुख्य गेट के खुलने और बंद होने के एक निर्धारित समय होगा। कंट्रोल में फीड समय पर गेट ऑटोमैटिक बंद हो जाएगा। इसके बाद यदि कोई जबरन गेट खुलने का प्रयास करेगा तो उसका पूरा रिकार्ड कंट्रोल रूम में पहुंच जाएगा। ऐसे में ड्यूटी खत्म होने के बाद कोई भी रिकार्ड में छेड़खानी नहीं कर सकेगा। वहीं संवेदनशील डाटा के लिए भी अलग से गुप्त कंट्रोल रूम बनाया जाएगा। इसके लिए टेंडर की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

चोरी का वाहन कैंपस में घुसा तो पुलिस के पास जाएगा मैसेज

mdu rohtak university will be north india first hightech university
एमडीयू रोहतक - फोटो : अमर उजाला
इस सिस्टम के तहत यूनिवर्सिटी के सभी एंट्री और एग्जिट प्वाइंट पर ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर लगाया जाएगा। इसे पुलिस कंट्रोल रूम से भी जोड़ने की तैयारी है। इसका यह फायदा होगा कि जैसे ही कोई वाहन कैंपस में आएगा तो ऑटोमैटिक उसका फोटो क्लिक हो जाएगा। पुलिस या फिर एमडीयू के रिकॉर्ड में दर्ज हुए चोरी के वाहन को यदि कोई कैंपस में लेकर आता है तो उसका मैसेज कंट्रोल रूम में पहुंच जाएगा और एंट्री गेट पर सायरन बजने लगेगा।
 
लगेंगे बूम बैरियर, आईडी कार्ड दिखाने पर खुलेगा

यूनिवर्सिटी के एंट्री प्वाइंट पर बूम बैरियर भी लगाएं जाएंगे। इसके लिए यूनिवर्सिटी के विद्यार्थियों और स्टाफ को अलग से चिप लगे हुए आईडी कार्ड और व्हीकल टैक्स स्टीकर जारी किए जाएंगे। एंट्री के लिए दो अलग लेन बनाई जाएंगी। एक लेन केवल विद्यार्थियों और स्टाफ के लिए लागू होगी, जो अपना आइडी कार्ड या व्हीकल टैक्स स्टीकर दिखाकर एंट्री कर सकेंगे। जबकि दूसरे लोगों के लिए अलग लेन होगी। ऐसे में बाहरी व्यक्ति पर निगाह रखना और भी आसान होगा।

गर्ल्स हॉस्टल की दीवार फांदी तो बजेगा सायरन

mdu rohtak university will be north india first hightech university
दाखिला
सिस्टम के अंतर्गत गर्ल्स हॉस्टल की सुरक्षा भी पुख्ता की जाएगी। गर्ल्स हॉस्टल की दीवार पर सेंसरयुक्त कैमरे लगाएं जाएंगे। इसके लगने के बाद यदि कोई दीवार फांदता है तो न केवल उसका फोटो खींचेगा, बल्कि कंट्रोल रूम व अन्य स्थानों पर लगे सायरन भी बजने लगेंगे। गर्ल्स हॉस्टल के गेट पर भी बूम बैरियर लगाया जाएगा। इसके अलावा टीचिंग स्टाफ की मांग पर हाउसिंग जोन को भी इस सिस्टम के दायरे में लिया जाएगा।

अभी तक यूनिवर्सिटी में करीब 320 कैमरे लगे हुए हैं। इस सिस्टम के तहत उच्च क्षमता वाले करीब 120 कैमरे और बढ़ा दिए जाएंगे। इसके बाद एमडीयू नार्थ इंडिया की पहली ऐसी यूनिवर्सिटी होगी, जिसमें यह सिस्टम होगा। कैंपस में आने वाले हर व्यक्ति व वाहन का पूरा रिकॉर्ड होगा। इस पर काफी दिनों से काम चल रहा था। कैंपस में दो मोबाइल यूनिट (जीप) भी बढ़ाई जाएंगी।
- तरूण शर्मा, कंट्रोलर सिक्योरिटी, एमडीयू

इस सिस्टम को लेकर यूनिवर्सिटी की टेक्निकल टीम काफी समय से काम कर रही थी। इसके शुरू होने के बाद कैंपस की सुरक्षा का व्यापक बंदोबस्त होगा। करीब 13 करोड़ की टेंडर प्रक्रिया चल रही है। उम्मीद है कि जल्दी ही यह पूरा हो जाएगा।
- डॉ. जीपी सरोहा, डायरेक्टर, कंप्यूटर सेंटर एमडीयू

 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed