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अब चंडीगढ़ में भी 9वीं से 12वीं तक के छात्रों की लगेंगी ऑनलाइन कक्षाएं, विभागीय आदेश जारी
Thu, 09 Apr 2020 01:50 PM IST
खुशबू गोयल
अमर उजाला, चंडीगढ़
अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: खुशबू गोयल
Updated Thu, 09 Apr 2020 01:50 PM IST
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फाइल फोटो
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चंडीगढ़ शिक्षा विभाग ने सभी गवर्नमेंट और गवर्नमेंट-एडेड स्कूलों के प्रिंसिपल/हेड को 9वीं से 12वीं तक के छात्रों की ऑनलाइन कक्षाएं लगाने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने बच्चों को पढ़ाने के लिए कई विकल्प दिए हैं। इसमें शिक्षक बच्चों को पढ़ाने के लिए व्हाट्सएप, वीडियो, पीपीटी, जूम एप इत्यादि का उपयोग कर सकते हैं। लॉकडाउन के कारण सभी स्कूल बंद हो गए हैं। इससे छात्रों की पढ़ाई खराब हो रही है।
इसको देखते हुए शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में भी ऑनलाइन कक्षाएं लगाने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही शिक्षक विद्यार्थियों के परिजनों के भी संपर्क में रहेंगे और उन्हें ऑनलाइन पढ़ाई की जानकारी देंगे। विभाग ने परिजनों से भी अनुरोध किया है कि वे बच्चों की पढ़ाई में मदद करें। स्कूल प्रिसिंपल व हेड शिक्षकों और छात्रों के बीच आपसी समन्वय और ऑलनाइन स्टडी को ट्रैक करेंगे और इसमें आ रही परेशानियों को हल करने का प्रयास करेंगे।
विभिन्न विषयों के आधार पर टाइम टेबल बनाएं छात्र
विद्यार्थी अपने विभिन्न विषयों के आधार पर टाइम टेबल बनाएं। इसमें स्कूल शिक्षक और काउंसलर की मदद ली जा सकती है। शिक्षक विद्यार्थियों को ई-पाठशाला या एनसीईआरटी की वेबसाइट से किताबें डाउनलोड कर उन्हें भेजें। विद्यार्थी ई-पाठशाला, दिक्षा, नेशनल रिपोसिटरी ऑफ ओपन लर्निंग (एनआरओईआर) और निष्ठा इत्यादि से विभिन्न विषयों पर ट्यूटोरियल और ऑनलाइन लेक्चरर डाउनलोड कर पढ़ सकते हैं। विद्यार्थी अपने विभिन्न विषयों पर आधारित ऑनलाइन डॉक्यूमेंटरी भी देख सकते हैं।
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इसको देखते हुए शिक्षा विभाग ने सरकारी स्कूलों में भी ऑनलाइन कक्षाएं लगाने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही शिक्षक विद्यार्थियों के परिजनों के भी संपर्क में रहेंगे और उन्हें ऑनलाइन पढ़ाई की जानकारी देंगे। विभाग ने परिजनों से भी अनुरोध किया है कि वे बच्चों की पढ़ाई में मदद करें। स्कूल प्रिसिंपल व हेड शिक्षकों और छात्रों के बीच आपसी समन्वय और ऑलनाइन स्टडी को ट्रैक करेंगे और इसमें आ रही परेशानियों को हल करने का प्रयास करेंगे।
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विभिन्न विषयों के आधार पर टाइम टेबल बनाएं छात्र
विद्यार्थी अपने विभिन्न विषयों के आधार पर टाइम टेबल बनाएं। इसमें स्कूल शिक्षक और काउंसलर की मदद ली जा सकती है। शिक्षक विद्यार्थियों को ई-पाठशाला या एनसीईआरटी की वेबसाइट से किताबें डाउनलोड कर उन्हें भेजें। विद्यार्थी ई-पाठशाला, दिक्षा, नेशनल रिपोसिटरी ऑफ ओपन लर्निंग (एनआरओईआर) और निष्ठा इत्यादि से विभिन्न विषयों पर ट्यूटोरियल और ऑनलाइन लेक्चरर डाउनलोड कर पढ़ सकते हैं। विद्यार्थी अपने विभिन्न विषयों पर आधारित ऑनलाइन डॉक्यूमेंटरी भी देख सकते हैं।
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स्कूल काउंसलर करेंगे बच्चों की काउंसलिंग
जिला शिक्षा अधिकारी ने बुधवार को सभी गवर्नमेंट और गवर्नमेंट-एडेड स्कूलों को पत्र जारी किया है। इसमें छात्रों की चिंता को दूर करने और उनकी परेशानियों पर चर्चा करने के लिए काउंसलरों की ड्यूटी लगाने को कहा है। काउंसलर विद्यार्थियों की पढ़ाई और बीमारियों संबंधी हो रही परेशानियों और चिंता को दूर करने में मदद करेंगे। कोरोना से बचाव के चलते शहर के सभी स्कूल बंद हैं।
इसलिए ऐसे समय में विद्यार्थियों के मन में बीमारियों से उत्पन्न भय, कक्षा नहीं लगने के कारण पढ़ाई की चिंता इत्यादि को कम करने के लिए शिक्षा विभाग ने स्कूल काउंसलरों की ड्यूटी लगाई है। इसके लिए काउंसलरों का विद्यार्थियों के साथ व्हाट्सएप ग्रुप बनाया जाएगा। वहीं, काउंसलर अपना कॉल वाला नंबर भी छात्रों के साथ शेयर करेंगे। जिस पर विद्यार्थी सुबह 10 बजे से लेकर दोपहर 2 बजे तक फोन कर काउंसलर के साथ अपनी परेशानी शेयर कर सकते हैं।
स्कूल वर्किंग डे पर ही काउंसलरों को छात्र कर सकेंगे कॉल
इसके साथ ही स्कूल वेबसाइट पर भी काउंसलरों के नंबर देने होंगे। वहीं सभी काउंसलरों को विद्यार्थी स्कूल वर्किंग डे पर ही फोन कर सकते हैं। इसके अलावा जीएमएचएस -40 की काउंसलर सुनिता को हेड बनाया गया है। वह ध्यान रखेंगी कि रोजाना काउंसलर को कितने विद्यार्थियों के फोन आ रहे हैं और किस तरह के सवाल पूछे जा रहे हैं।
इसलिए ऐसे समय में विद्यार्थियों के मन में बीमारियों से उत्पन्न भय, कक्षा नहीं लगने के कारण पढ़ाई की चिंता इत्यादि को कम करने के लिए शिक्षा विभाग ने स्कूल काउंसलरों की ड्यूटी लगाई है। इसके लिए काउंसलरों का विद्यार्थियों के साथ व्हाट्सएप ग्रुप बनाया जाएगा। वहीं, काउंसलर अपना कॉल वाला नंबर भी छात्रों के साथ शेयर करेंगे। जिस पर विद्यार्थी सुबह 10 बजे से लेकर दोपहर 2 बजे तक फोन कर काउंसलर के साथ अपनी परेशानी शेयर कर सकते हैं।
स्कूल वर्किंग डे पर ही काउंसलरों को छात्र कर सकेंगे कॉल
इसके साथ ही स्कूल वेबसाइट पर भी काउंसलरों के नंबर देने होंगे। वहीं सभी काउंसलरों को विद्यार्थी स्कूल वर्किंग डे पर ही फोन कर सकते हैं। इसके अलावा जीएमएचएस -40 की काउंसलर सुनिता को हेड बनाया गया है। वह ध्यान रखेंगी कि रोजाना काउंसलर को कितने विद्यार्थियों के फोन आ रहे हैं और किस तरह के सवाल पूछे जा रहे हैं।