छात्रों को झटका, हिमाचल में और महंगी हुई तकनीकी शिक्षा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय ने हजारों छात्रों को तगड़ा झटका दिया है। फरवरी महीने में प्रवेश शुल्क के बाद अब परीक्षा शुल्क बढ़ा दिया है। विवि ने निजी संस्थानों के परीक्षा केंद्र शुल्क में भी बढ़ोतरी की है। इसे हालांकि संस्थानों से वसूला जाएगा, लेकिन इसकी भरपाई छात्रों की जेब से ही होगी।
विवि ने प्रति सेमेस्टर परीक्षा शुल्क में 500 रुपये, जबकि अपने कॉलेज में परीक्षा केंद्र स्थापित करने के लिए 10 हजार और दूसरे कॉलेज में परीक्षा केंद्र के लिए 5 हजार रुपये अतिरिक्त शुल्क चुकाना होगा।
बोर्ड ऑफ गवर्निंग बॉडी की बैठक में प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद विवि के रजिस्ट्रार ने बढ़ी हुई फीस की अधिसूचना जारी कर दी है। इससे सूबे के 45 से अधिक कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्रों और उनके अभिभावकों पर वित्तीय बोझ पड़ गया है।
प्रति सेमेस्टर 1500 के बजाय अब 2000 देना होगा
अधिसूचना के अनुसार तकनीकी कॉलेजों में शिक्षा ग्रहण करने वाले छात्रों से प्रति सेमेस्टर 1500 के बजाय 2000 रुपये परीक्षा शुल्क वसूला जाएगा। प्राइवेट कॉलेजों को हर वर्ष अपने यहां परीक्षा केंद्र स्थापित करने के लिए 30 हजार के बजाय 40 हजार रुपये खर्च करने पड़ेंगे। दूसरे कालेजों में परीक्षा करवाने पर 20 हजार के बजाय अब 25 हजार रुपये लगेंगे। बता दें कि फरवरी माह में टेक्निकल यूनिवर्सिटी बीटेक, बी-फार्मेसी, एमबीए, एमटेक, एम-फार्मा में प्रवेश शुल्क बढ़ा चुकी है।
हिप्र टेक्निकल यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो आरएल शर्मा ने बताया किविवि की फाइनांस कमेटी में पारित प्रस्ताव को बोर्ड ऑफ गवर्निगिं बॉडी की बैठक में मंजूरी दे दी गई है। शुल्क में बढ़ोतरी हुई है, लेकिन यह बढ़ोतरी हिमाचल प्रदेश विवि की तुलना में कम है। वैसे भी टेक्निकल यूनिवर्सिटी हमीरपुर सेल्फ फाइनांस पर चल रही है। हिप्र टेक्निकल यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार विनय कुमार ने बताया कि टेक्निकल यूनिवर्सिटी ने एग्जाम फीस में वृद्धि की है। बीओजी में प्रस्ताव पारित हुआ है। बढ़ाई गई फीस की अधिसूचना जारी कर दी है।